निगमायुक्त प्रदीप दहिया की अध्यक्षता में वायु प्रदूषण नियंत्रण को लेकर हुई महत्वपूर्ण बैठक

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बैठक में गुरुग्राम में वायु प्रदूषण नियंत्रण के लिए वार्षिक कार्य योजना पर हुई विस्तृत चर्चा, संबंधित विभागों को दिए गए आवश्यक दिशा-निर्देश

प्रदूषण नियंत्रण के लिए तैयार की बहुआयामी रणनीति, परिवहन, सडक़ धूल, निर्माण कार्य व कचरा प्रबंधन पर विशेष फोकस

गुरुग्राम, 18 दिसंबर। शहर में वायु गुणवत्ता सुधारने और प्रदूषण पर प्रभावी नियंत्रण के उद्देश्य से नगर निगम गुरुग्राम के आयुक्त प्रदीप दहिया की अध्यक्षता में वीरवार को एक महत्वपूर्ण बैठक हुई। निगम कार्यालय में आयोजित इस बैठक में वायु प्रदूषण नियंत्रण को लेकर वर्ष 2025-26 के लिए वार्षिक कार्य योजना विस्तार से चर्चा हुई और संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। यह योजना केंद्र सरकार, केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड तथा वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग के दिशा-निर्देशों के अनुरूप तैयार की गई है। योजना में परिवहन, निर्माण एवं विध्वंस गतिविधियां, सडक़ धूल नियंत्रण, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन, हरित आवरण बढ़ाने और जन-जागरूकता जैसे प्रमुख क्षेत्रों को शामिल किया गया है ।

परिवहन और ई-मोबिलिटी को बढ़ावा

योजना के तहत शहर में सार्वजनिक परिवहन को मजबूत करने पर जोर दिया गया है। ई-बसों और सीएनजी बसों की संख्या बढ़ाने, नए ईवी चार्जिंग स्टेशन तथा बैटरी स्वैपिंग स्टेशन स्थापित करने का लक्ष्य रखा गया है। इससे निजी वाहनों पर निर्भरता घटेगी और वाहनों से होने वाले उत्सर्जन में कमी आएगी।

सडक़ धूल नियंत्रण और सडक़ पुनर्विकास

सडक़ धूल को वायु प्रदूषण का बड़ा कारण मानते हुए मैकेनाइज्ड रोड स्वीपिंग मशीनों, पानी के छिडक़ाव, एंटी-स्मॉग गन तथा सडक़ों के पुनर्विकास की विस्तृत योजना बनाई गई है। वर्ष 2026 तक 300 सडक़ों को धूल-मुक्त बनाने और लगभग 3500 किलोमीटर सडक़ों की नियमित सफाई सुनिश्चित करने का लक्ष्य रखा गया है।

निर्माण एवं विध्वंस कचरा प्रबंधन

निर्माण स्थलों पर धूल नियंत्रण के लिए कड़े प्रावधान किए गए हैं। बसई स्थित सीएंडडी वेस्ट प्रोसेसिंग प्लांट के माध्यम से प्रतिदिन बड़ी मात्रा में मलबे के निपटान और पुन: उपयोग की व्यवस्था की गई है। नए प्रसंस्करण संयंत्रों की योजना भी प्रस्तावित है, जिससे अवैध डंपिंग पर रोक लगेगी ।

ठोस कचरा और डंप साइट प्रबंधन

बंधवाड़ी डंप साइट पर पड़े लगभग 16 लाख मीट्रिक टन पुराने कचरे (लीगेसी वेस्ट) के निपटान के लिए चरणबद्ध योजना बनाई गई है। लक्ष्य है कि मार्च 2028 तक डंप साइट को पूरी तरह साफ किया जाए और आधुनिक कचरा प्रसंस्करण सुविधाएं विकसित की जाए ।

हरियाली और जन-जागरूकता

कार्य योजना के तहत सडक़ किनारे हरित पट्टियों, सेंट्रल वर्ज और पैदल पथों के सौंदर्यीकरण व हरितीकरण पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। साथ ही, स्कूलों, आरडब्ल्यूए, कॉलेजों और नागरिक समूहों के माध्यम से जागरूकता अभियान, स्ट्रीट प्ले, मीडिया और सोशल मीडिया अभियानों के जरिए नागरिकों को स्वच्छ हवा के प्रति जिम्मेदार बनाने की योजना है ।

गुरुग्राम की यह वार्षिक कार्य योजना शहर को स्वच्छ, स्वस्थ और टिकाऊ वातावरण की ओर ले जाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। यदि सभी विभागों के बीच बेहतर समन्वय और नागरिकों के सक्रिय सहयोग के साथ आने वाले वर्षों में गुरुग्राम की वायु गुणवत्ता में उल्लेखनीय सुधार देखने को मिलेगा।

बैठक में एयर क्वालिटी मॉनिटरिंग सिस्टम की संख्या बढ़ाने, सभी विभागों को समन्वय से काम करने, सडक़ों की बेहतर सफाई तथा सीएंडडी वेस्ट, बागवानी वेस्ट, धूल-मिट्टी उठाने संबंधी निर्देश संबंधित विभागों को दिए गए। बैठक में जीएमडीए, एचएसवीपी, पुलिस, एचएसपीसीबी, पीडब्ल्यूडी, जीएमसीबीएल व नगर निगम के अधिकारीगण उपस्थित थे।

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Author: Bharat Sarathi

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