डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण, नियमित सफाई और फील्ड मॉनिटरिंग को मजबूत करने पर जोर, शहर की स्वच्छता व्यवस्था में लापरवाही पर होगी जवाबदेही तय

गुरुग्राम, 14 अगस्त। शहर की सफाई व्यवस्था को और अधिक प्रभावी एवं व्यवस्थित बनाने के उद्देश्य से निगमायुक्त प्रदीप दहिया की अध्यक्षता में निगम कार्यालय में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में सफाई व्यवस्था की वर्तमान स्थिति की समीक्षा करते हुए डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण, नियमित सफाई, फील्ड मॉनिटरिंग तथा अधिकारियों की जवाबदेही से जुड़े विभिन्न पहलुओं पर विस्तार से चर्चा की गई।
बैठक में शहर में घर-घर कचरा संग्रहण व्यवस्था को अधिक प्रभावी बनाने पर विशेष जोर दिया गया। निगमायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि निर्धारित रूट पर नियमित रूप से कचरा संग्रहण सुनिश्चित किया जाए तथा वाहनों की उपलब्धता एवं संचालन की लगातार निगरानी की जाए। उन्होंने कहा कि घरों से कचरा समय पर उठना और उसे निर्धारित स्थान तक पहुंचाना शहर की स्वच्छता व्यवस्था की महत्वपूर्ण कड़ी है। इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही पाए जाने पर संबंधित एजेंसी एवं जिम्मेदार अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी।
निगमायुक्त ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि केवल कार्यालय स्तर पर समीक्षा करने के बजाय फील्ड में जाकर सफाई व्यवस्था की वास्तविक स्थिति का नियमित निरीक्षण किया जाए। उन्होंने संवेदनशील एवं अधिक कचरा उत्पन्न होने वाले क्षेत्रों, बाजारों, मुख्य सड़कों, गलियों तथा सार्वजनिक स्थानों पर विशेष निगरानी रखने के निर्देश दिए, ताकि सफाई संबंधी समस्याओं का मौके पर ही समाधान सुनिश्चित किया जा सके।
बैठक में शहर की नियमित सफाई व्यवस्था को और बेहतर बनाने पर भी चर्चा हुई। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि सफाई कर्मचारियों की उपलब्धता, सफाई कार्य की गुणवत्ता और निर्धारित क्षेत्रों में नियमित सफाई की प्रभावी मॉनिटरिंग की जाए। साथ ही नागरिकों से प्राप्त होने वाली सफाई संबंधी शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया।
निगमायुक्त प्रदीप दहिया ने कहा कि गुरुग्राम की सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाना हमारी प्राथमिकता है। डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण से लेकर नियमित सफाई और फील्ड मॉनिटरिंग तक प्रत्येक स्तर पर प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित की जानी चाहिए। अधिकारियों एवं संबंधित एजेंसियों की जिम्मेदारी है कि नागरिकों को स्वच्छ और बेहतर वातावरण उपलब्ध हो। उन्होंने कहा कि सफाई व्यवस्था में सुधार केवल निगम की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि नागरिकों की भागीदारी भी बेहद महत्वपूर्ण है। उन्होंने नागरिकों से सार्वजनिक स्थानों पर कचरा न डालने की अपील की।
बैठक में यह भी स्पष्ट किया गया कि सफाई व्यवस्था की गुणवत्ता सुधारने के लिए नियमित निरीक्षण, फील्ड रिपोर्टिंग और जवाबदेही को मजबूत किया जाएगा। संबंधित अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों में सफाई व्यवस्था की निगरानी करेंगे तथा कमियों को चिन्हित कर समयबद्ध तरीके से दूर करेंगे।








