*‘तेरे मेरे सपने’ पहल के तहत विवाह की योजना बना रहे युवाओं को प्री-मैरिटल संवाद और काउंसलिंग के लिए किया जाएगा प्रोत्साहित*
गुरुग्राम, 18 अगस्त। राष्ट्रीय महिला आयोग ने मैट्रिमोनियल वेबसाईट्स और एजेंसियों के लिए एडवाइजरी जारी की है, जिसके अंतर्गत विवाह की योजना बना रहे पंजीकृत उपयोगकर्ताओं एवं संभावित जोड़ों को राष्ट्रीय महिला आयोग के प्री-मैरिटल कम्युनिकेशन पोर्टल पर पंजीकरण करने तथा ऑनलाइन प्री-मैरिटल कम्युनिकेशन सत्रों में भाग लेने के लिए प्रोत्साहित करने को कहा गया है ।
राष्ट्रीय महिला आयोग द्वारा ’’तेरे मेरे सपने”-प्री-मैरिटल कम्युनिकेशन सेंटर की शुरुआत की गई है। यह पहल विवाह की योजना बना रहे युवाओं के बीच सार्थक संवाद और बेहतर समझ को प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से शुरू की गई है।
एडवाइजरी के अनुसार वर्तमान समय में सामाजिक परिस्थितियों में तेजी से हो रहे बदलावों के कारण अनेक वैवाहिक विवाद विवाह से पूर्व अपेक्षाओं, करियर संबंधी योजनाओं, पारिवारिक जिम्मेदारियों, वित्तीय प्रबंधन, व्यक्तिगत मूल्यों तथा भावनात्मक स्वास्थ्य जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर पर्याप्त चर्चा और समझ के अभाव में उत्पन्न होते हैं। आयोग का मानना है कि विवाह से पूर्व सूचित एवं सार्थक संवाद मजबूत, स्वस्थ और सम्मानपूर्ण वैवाहिक संबंधों की नींव रख सकता है।
इस पहल के अंतर्गत विवाह की योजना बना रहे युवा प्री-मैरिटल कम्युनिकेशन सेंटर के पोर्टल https://ncwpmcc.icsr.in/webroot/home के माध्यम से पंजीकरण कर सकेंगे तथा योग्य विशेषज्ञों द्वारा संचालित संरचित ऑनलाइन प्री-मैरिटल कम्युनिकेशन एवं परामर्श सत्रों में भाग ले सकेंगे। यह मंच युवाओं को एक सुरक्षित एवं गोपनीय वातावरण प्रदान करेगा, जहां वे वैवाहिक जीवन के महत्वपूर्ण पहलुओं पर खुलकर चर्चा कर सकेंगे तथा अपने भावी संबंधों की मजबूत नींव बनाने हेतु मार्गदर्शन प्राप्त कर सकेंगे।
आयोग ने विवाह योग्य युवाओं को जोड़ने में मैट्रिमोनियल वेबसाइट्स और एजेंसियों की महत्वपूर्ण भूमिका को ध्यान में रखते हुए, सभी ऐसे प्लेटफॉर्म एवं संस्थाओं को अपने पंजीकृत उपयोगकर्ताओं तथा विवाह की योजना बना रहे युवाओं को ’तेरे मेरे सपने’ पहल के बारे में जानकारी प्रदान करने की सलाह दी है । विवाह की योजना बना रहे पंजीकृत उपयोगकर्ताओं एवं संभावित जोड़ों को राष्ट्रीय महिला आयोग के पोर्टल पर पंजीकरण करने तथा ऑनलाइन प्री-मैरिटल कम्युनिकेशन सत्रों में भाग लेने के लिए प्रोत्साहित करने को कहा है ।
उन्हें अपनी वेबसाइट, मोबाइल एप्लिकेशन, सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म तथा कार्यालयों में इस पहल से संबंधित जानकारी, बैनर, लिंक एवं जागरूकता सामग्री प्रदर्शित करने के लिए प्रोत्साहित किया गया है । राष्ट्रीय महिला आयोग ने इन प्लेटफॉर्म से यह भी अपील की है की वे विवाह में संवाद, पारस्परिक सम्मान, समानता, भावनात्मकता तथा साझा जिम्मेदारियों के महत्व को बढ़ावा दें। साथ ही आयोग की वेबसाइट के माध्यम से उपलब्ध ऑनलाइन काउंसलिंग एवं संवाद सुविधाओं की जानकारी के व्यापक प्रसार में सहयोग प्रदान करें।
आयोग ने विश्वास व्यक्त किया है कि विवाह से पूर्व संवाद और सूचित निर्णय लेने की प्रक्रिया गलतफहमियों को कम करने, पारस्परिक समझ को मजबूत बनाने तथा स्थिर एवं सौहार्दपूर्ण पारिवारिक संबंधों के निर्माण में सहायक सिद्ध हो सकती है। सभी मैट्रिमोनियल वेबसाइट्स एवं संबंधित संस्थाओं से अनुरोध किया गया है कि वे इस पहल के प्रचार-प्रसार में सहयोग प्रदान करें तथा विवाह की योजना बना रहे युवाओं को राष्ट्रीय महिला आयोग के मंच के माध्यम से उपलब्ध ऑनलाइन संवाद एवं काउंसलिंग सेवाओं का लाभ उठाने के लिए प्रोत्साहित करें।








