ब्रह्माकुमारीज़ के हेलीमंडी सेवाकेंद्र पर शिक्षकों के लिए विशेष राजयोग सत्र का आयोजन

पटौदी, 29 जून 2026 – ब्रह्माकुमारीज़ संस्थान के हेलीमंडी (पटौदी) स्थित सेवाकेंद्र पर ‘सशक्त शिक्षक, उज्ज्वल भविष्य’ विषय के तहत शिक्षकों के लिए एक विशेष राजयोग सत्र का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में पटौदी, रेवाड़ी और गुरुग्राम से आए 30 से अधिक शिक्षकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
राजयोग से होता है नैतिक और आध्यात्मिक मूल्यों का विकास
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए सेवाकेंद्र प्रभारी बीके श्वेता ने संस्थान का परिचय दिया और उपस्थित शिक्षकों को राजयोग का गहन अभ्यास कराया। उन्होंने राजयोग के व्यावहारिक लाभ बताते हुए कहा,”राजयोग के माध्यम से ही हम स्वयं को आंतरिक रूप से सशक्त कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि सशक्त शिक्षक ही उज्जवल भविष्य का निर्माण कर सकते हैं। राजयोग से ही नैतिक और आध्यात्मिक मूल्य जागृत होते हैं। जो आज के समय में शिक्षा जगत के लिए बेहद अनिवार्य हैं।”

मूल्य-आधारित गतिविधि
सत्र के दौरान राजयोग शिक्षिका बीके प्रेम ने मूल्य-आधारित विभिन्न ज्ञानवर्धक गतिविधियों (एक्टिविटीज़) के माध्यम से शिक्षकों में सकारात्मक ऊर्जा का संचार किया। कार्यक्रम में मुख्य रूप से वर्तमान समय में ‘तनावमुक्त जीवन शैली’ अपनाने पर विशेष जोर दिया गया।
राजयोग के अभ्यास से बदले जीवन के मायने
इस विशेष अवसर पर संस्थान के नियमित सदस्या व शिक्षिका बीके अनीता एवं पूर्व शिक्षिका बीके ईश्वर रानी ने अपने व्यक्तिगत अनुभव साझा किए। उन्होंने बताया कि राजयोग के नियमित अभ्यास ने उनके जीवन को पूरी तरह बदल दिया है। इसके प्रभाव से न केवल मानसिक शांति मिली, बल्कि आपसी रिश्तों में भी अभूतपूर्व सुधार आया है।
शिक्षकों ने की सराहना
कार्यक्रम के अंत में आए हुए सभी शिक्षकों ने इस सत्र की सराहना करते हुए कहा कि दैनिक जीवन की भागदौड़ और मानसिक तनाव से दूर रहने के लिए ऐसे सकारात्मक सत्र समय-समय पर आयोजित होने चाहिए। ताकि वे ऊर्जावान रहकर राष्ट्र निर्माण में अपना सर्वश्रेष्ठ योगदान दे सकें।








