प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष बोले— शिक्षा मंत्री का इस्तीफा पहला कदम, नीट-सीबीएसई सहित सभी परीक्षा अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच और शिक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार तक संघर्ष रहेगा जारी
चंडीगढ़, 25 जुलाई। हरियाणा प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे को देशभर के छात्रों के शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक संघर्ष की ऐतिहासिक जीत बताया है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में छात्रों और युवाओं की आवाज़ को लंबे समय तक दबाया नहीं जा सकता और सरकार को अंततः जवाबदेही स्वीकार करनी पड़ी।
राव नरेंद्र सिंह ने कहा कि धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा केवल पहला कदम है। उन्होंने केंद्र सरकार से मांग की कि नीट, सीबीएसई सहित अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं में हुई कथित अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए तथा प्रभावित छात्रों को न्याय दिया जाए।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस लंबे समय से छात्रों के अधिकारों की लड़ाई सड़क से लेकर संसद तक लड़ रही है। छात्रों ने शांतिपूर्ण और लोकतांत्रिक तरीके से अपनी आवाज़ उठाई, जिसके दबाव में सरकार को यह फैसला लेना पड़ा।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि पार्टी का आंदोलन किसी एक मंत्री के इस्तीफे तक सीमित नहीं है। कांग्रेस का उद्देश्य शिक्षा व्यवस्था को पारदर्शी, विश्वसनीय और जवाबदेह बनाना है। इसके लिए परीक्षा प्रणाली में व्यापक सुधार, भ्रष्टाचार पर प्रभावी रोक और भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए मजबूत व्यवस्था लागू करना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि जब तक प्रत्येक छात्र को न्याय और निष्पक्ष परीक्षा व्यवस्था सुनिश्चित नहीं होती, कांग्रेस का संघर्ष जारी रहेगा।
राव नरेंद्र सिंह ने कहा, “हार हो जाती है जब मान लिया जाता है, जीत तब होती है जब ठान लिया जाता है।” उन्होंने इस जीत को उन 21 छात्रों की स्मृति और देशभर के लाखों युवाओं के संघर्ष को समर्पित बताया, जिन्होंने शिक्षा व्यवस्था में जवाबदेही की मांग को राष्ट्रीय मुद्दा बनाया। उन्होंने कहा कि लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने ‘छात्रों की गूंज’ अभियान के माध्यम से इस मुद्दे को राष्ट्रीय स्तर पर मजबूती से उठाया और छात्रों की आवाज़ को संसद से लेकर सड़क तक पहुंचाया।
उन्होंने बताया कि हरियाणा प्रदेश कांग्रेस ने सभी जिला कांग्रेस कमेटियों (डीसीसी) को पहले प्रस्तावित कैंडललाइट मार्च और सत्याग्रह के स्थान पर शनिवार को जिला मुख्यालयों पर “विजय मार्च” आयोजित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि यह विजय मार्च छात्रों के संघर्ष, लोकतंत्र की जीत और राहुल गांधी के नेतृत्व को समर्पित होगा।
राव नरेंद्र सिंह ने कांग्रेस के सभी पदाधिकारियों, फ्रंटल संगठनों, प्रकोष्ठों और कार्यकर्ताओं से बड़ी संख्या में विजय मार्च में शामिल होने का आह्वान करते हुए कहा कि यह केवल राजनीतिक कार्यक्रम नहीं, बल्कि देश के युवाओं, शिक्षा व्यवस्था में सुधार और लोकतांत्रिक मूल्यों की जीत का उत्सव है।








