गुरुग्राम, 19 जुलाई 2026। डीएचबीवीएन एवं यूएचबीवीएन के प्रबंध निदेशक विक्रम सिंह के सतत निर्देशन एवं निगरानी में डीएचबीवीएन एवं एचवीपीएन की टीमों ने त्वरित कार्रवाई करते हुए हरसरू–सेक्टर-35 66 केवी लाइन पर आई तकनीकी खराबी का सफलतापूर्वक निवारण कर दिया। इसके परिणामस्वरूप सभी प्रभावित 11 केवी फीडरों की विद्युत आपूर्ति रविवार प्रातः लगभग 5:00 बजे तक पूर्णतः बहाल कर दी गई। वर्तमान में सभी प्रभावित क्षेत्रों में बिजली आपूर्ति सामान्य है तथा कहीं भी विद्युत आपूर्ति बाधित नहीं है।
उल्लेखनीय है कि शनिवार सायंकाल राष्ट्रीय राजमार्ग-8 क्रॉसिंग पर हरसरू–सेक्टर-35 सर्किट की 66 केवी लाइन का कंडक्टर टूट जाने से 66 केवी सब-स्टेशन, सेक्टर-35 से होने वाली विद्युत आपूर्ति अस्थायी रूप से प्रभावित हो गई थी। इस घटना से 11 केवी के अनेक इंडस्ट्रियल एवं इंडिपेंडेंट फीडर प्रभावित हुए थे।
प्रभावित फीडरों में न्यू सेक्टर-35, न्यू शनि देव, सुपरॉन, सोना बीएलडब्ल्यू, आनंद एनवीएच, एचएसआईआईडीसी-1, एमएम एक्वा, एमटेक ऑटो, बम्बिनो एग्रो, एचएसआईआईडीसी-2, एसपीआर रोड (अर्बन), बेगमपुर खटोला (अर्बन), सुज़ुकी (इंडिपेंडेंट) तथा लेंसकार्ट (इंडिपेंडेंट) शामिल थे। इनमें से न्यू सेक्टर-35 एवं न्यू शनि देव फीडरों का लोड सेक्टर-34 सब-स्टेशन पर स्थानांतरित कर प्रारंभिक चरण में ही विद्युत आपूर्ति बहाल कर दी गई थी।
शेष फीडरों का लोड तकनीकी कारणों से वैकल्पिक स्रोतों पर स्थानांतरित करना संभव नहीं था। इसी दौरान बादशाहपुर सर्किट पर एचवीपीएन द्वारा पूर्व निर्धारित तीन दिवसीय शटडाउन के अंतर्गत रखरखाव कार्य भी चल रहा था, जिसके कारण वैकल्पिक विद्युत आपूर्ति उपलब्ध नहीं हो सकी।
घटना की सूचना मिलते ही डीएचबीवीएन एवं एचवीपीएन की टीमें संयुक्त रूप से मौके पर पहुंचीं और राष्ट्रीय राजमार्ग पर भारी यातायात जैसी चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बावजूद पूरी रात युद्ध स्तर पर मरम्मत एवं बहाली कार्य किया। दोनों निगमों के बेहतर समन्वय, तकनीकी दक्षता एवं टीमों की सतत मेहनत के परिणामस्वरूप निर्धारित समय से पहले सभी प्रभावित फीडरों की विद्युत आपूर्ति सुचारु रूप से बहाल कर दी गई। वर्तमान में सभी क्षेत्रों में निर्बाध एवं सामान्य बिजली आपूर्ति जारी है।








