प्रधानमंत्री के दौरे से नई परियोजनाओं की उम्मीद थी, लेकिन हरियाणा को कोई नई बड़ी घोषणा नहीं मिली : सैलजा
चंडीगढ़, 18 जुलाई। सिरसा की सांसद, पूर्व केंद्रीय मंत्री, अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की महासचिव एवं कांग्रेस कार्यसमिति (सीडब्ल्यूसी) सदस्य कुमारी सैलजा ने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हालिया हरियाणा दौरे को राज्य सरकार ने पुरानी योजनाओं को नई उपलब्धि के रूप में प्रस्तुत करने का माध्यम बना दिया। उन्होंने कहा कि प्रदेश की जनता को इस दौरे से नई औद्योगिक परियोजनाओं, रोजगार, शिक्षा, स्वास्थ्य, सिंचाई और आधारभूत ढांचे से जुड़ी बड़ी घोषणाओं की उम्मीद थी, लेकिन ऐसा नहीं हुआ।
सैलजा ने कहा कि कार्यक्रम के बाद यह स्पष्ट हो गया कि जिन योजनाओं को लगभग 14 हजार करोड़ रुपये की नई सौगात बताया गया, उनमें से अधिकांश पहले से स्वीकृत, प्रगति पर चल रही अथवा पूर्व में घोषित परियोजनाएं थीं। उनका कहना था कि विभिन्न पुरानी योजनाओं की लागत जोड़कर इसे नई उपलब्धि के रूप में प्रस्तुत किया गया।
उन्होंने कहा कि जनता को यह जानने का अधिकार है कि प्रधानमंत्री के इस दौरे के दौरान हरियाणा के लिए वास्तव में कौन-सी नई परियोजनाएं स्वीकृत हुईं और किन योजनाओं के लिए अतिरिक्त बजट का प्रावधान किया गया।
कुमारी सैलजा ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस किसी भी सरकार द्वारा किए गए विकास कार्यों का स्वागत करती है, लेकिन विकास के नाम पर तथ्यों को बढ़ा-चढ़ाकर प्रस्तुत करना उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि जनता के सामने वास्तविक स्थिति रखी जानी चाहिए ताकि दावों और धरातल की सच्चाई के बीच का अंतर स्पष्ट हो सके।
उन्होंने कहा कि हरियाणा इस समय बेरोजगारी, किसानों की समस्याओं, शिक्षा एवं स्वास्थ्य सुविधाओं की कमी, उद्योगों में निवेश की सुस्ती तथा शहरी और ग्रामीण आधारभूत ढांचे जैसी अनेक चुनौतियों से जूझ रहा है। ऐसे में प्रदेश को नई और दूरगामी विकास परियोजनाओं की आवश्यकता थी, जिससे युवाओं को रोजगार मिले और राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिले।
सांसद ने केंद्र और राज्य सरकार से मांग की कि प्रधानमंत्री के दौरे के दौरान हरियाणा को मिली नई स्वीकृतियों, अतिरिक्त बजट आवंटन और परियोजनाओं की समय-सीमा का स्पष्ट विवरण सार्वजनिक किया जाए। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में पारदर्शिता और जवाबदेही सर्वोपरि है तथा जनता को सही और तथ्यात्मक जानकारी मिलनी चाहिए।









