22 मार्च की कांकरौला रैली को सफल बनाने का आह्वान, राव नरबीर सिंह ने कार्यकर्ताओं से गांव-गांव जाने को कहा

गुरुग्राम, 12 मार्च। हरियाणा के उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री राव नरबीर सिंह ने कहा कि 22 मार्च को बादशाहपुर विधानसभा क्षेत्र के गांव कांकरौला में प्रस्तावित मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी की रैली क्षेत्र के विकास के नए अध्याय की शुरुआत साबित होगी। उन्होंने कहा कि इस अवसर पर मुख्यमंत्री प्रदेश सरकार के तीसरे कार्यकाल में पूरे हो चुके विभिन्न विकास कार्यों का उद्घाटन करेंगे और क्षेत्र की मांगों के अनुरूप कई नई परियोजनाओं की घोषणा भी कर सकते हैं।
राव नरबीर सिंह सेक्टर-22बी स्थित कम्यूनिटी सेंटर में आयोजित कार्यकर्ता सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। सम्मेलन में उन्होंने कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि वे क्षेत्र के प्रत्येक गांव, वार्ड और कॉलोनी तक पहुंचकर लोगों को रैली में शामिल होने के लिए प्रेरित करें, ताकि यह रैली जनसमर्थन के लिहाज से ऐतिहासिक साबित हो सके।
मंत्री ने कहा कि गुरुग्राम तेजी से विकसित हो रहा महानगर है और विकास के साथ-साथ कई नई चुनौतियां भी सामने आती हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार इन समस्याओं के समाधान के लिए योजनाबद्ध तरीके से काम कर रही है। साथ ही उन्होंने नागरिकों से भी अपील की कि वे शहर को स्वच्छ और व्यवस्थित बनाए रखने में प्रशासन का सहयोग करें, कचरे को निर्धारित स्थानों पर डालें और पॉलिथीन के उपयोग से बचें।
राव नरबीर सिंह ने कहा कि पिछले 11 वर्षों में प्रदेश सरकार की पारदर्शी भर्ती व्यवस्था का लाभ दक्षिण हरियाणा के युवाओं को सबसे अधिक मिला है। “बिना पर्ची-बिना खर्ची” नीति के कारण हजारों युवाओं को योग्यता के आधार पर सरकारी नौकरियां मिली हैं और इससे क्षेत्र का युवा सशक्त हुआ है।
जमीनी हालात पर उठते सवाल
हालांकि दूसरी ओर शहर की मौजूदा परिस्थितियों को लेकर स्थानीय स्तर पर असंतोष भी देखा जा रहा है। कई लोग मानते हैं कि विकास के बड़े-बड़े दावों के बीच गुरुग्राम आज भी कई बुनियादी समस्याओं से जूझ रहा है।
नगर निगम के वार्डों में कूड़े के ढेर, टूटी सड़कों, जलभराव और खराब सफाई व्यवस्था को लेकर लगातार शिकायतें सामने आती रहती हैं। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि चुनाव के समय पार्षदों ने बड़े-बड़े वादे किए थे, लेकिन एक वर्ष बीत जाने के बाद भी कई वार्डों में मूलभूत सुविधाओं की स्थिति में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ है।
शहर के कई हिस्सों में स्ट्रीट लाइटों की कमी के कारण रात के समय अंधेरा रहता है, जिससे सुरक्षा को लेकर भी चिंता बनी रहती है। वहीं बरसात के मौसम में जलभराव और जाम की समस्या आम हो जाती है।
ऐसे में कांकरौला में प्रस्तावित मुख्यमंत्री की रैली को लेकर राजनीतिक हलचल तो तेज है, लेकिन शहर के लोगों के बीच यह चर्चा भी है कि नई घोषणाओं के साथ-साथ पुरानी समस्याओं के समाधान पर भी उतनी ही गंभीरता से ध्यान दिया जाना चाहिए।








