चंडीगढ़, 24 फरवरी – हरियाणा विधान सभा अध्यक्ष हरविन्द्र कल्याण ने मंगलवार को बजट सत्र के दौरान विधायकों से सदन और विधान परिसर के आसपास अनुशासन बनाने की अपील की है। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधि होने नाते विधायकों के अधिकार भी हैं और विशेषाधिकार भी, लेकिन उन्हें अपनी सीमाओं का भी पालन करना चाहिए। विस अध्यक्ष ने यह ऑब्जर्वेशन मंगलवार सुबह विपक्षी विधायकों की ओर से विधान परिसर में किए गए रोष प्रदर्शन से पैदा हुई परिस्थिति से असंतुष्ट होकर दी है।

बता दें कि विपक्षी दल के विधायकों ने मंगलवार सुबह विधान परिसर में अध्यक्ष के गेट पर सरकार के खिलाफ रोष किया था। इस प्रदर्शन के चलते विधान सभा परिसर में व्यवस्था कायम करने में कड़ी मशक्कत का सामना करना। मुख्यमंत्री और कई मंत्रियों को असुविधा हुई और उन्हें निर्धारित गेट की बजाय की दूसरे रास्ते से आना पड़ा।
भाजपा विधायक घनश्याम दास अरोड़ा ने इस विषय को सदन में उठाया, जिस पर विस अध्यक्ष ने अपनी ऑब्जर्वेशन दी। उन्होंने कहा कि लोकतांत्रिक व्यवस्था में सभी को अपनी बात रखने का अधिकार है। पक्ष और विपक्ष की अपनी-अपनी भूमिका है। वेल में आकर प्रदर्शन करना संसदीय प्रथाओं के खिलाफ है। इसमें भी अनेक विधायकों का हावभाव (बॉडी लैंग्वेज) अपेक्षा के अनुरूप नहीं था। इसलिए उन्होंने सभी सदस्यों से सम्यक व्यवहार की अपील की।
इसके साथ ही उन्होंने कहा कि विधान सभा अध्यक्ष को शक्तियां प्राप्त हैं तो उन्हें कुछ जिम्मेदारी भी सौंपी गई है। सदन में व्यवस्था बनाए रखना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता है। मेरा दायित्व पक्ष-विपक्ष व सभी सदस्यों के अधिकारों की रक्षा करना भी है।







