एसडीएम ने क्रेशर जोन का किया निरीक्षण

चरखी दादरी जयवीर फोगाट

 16 जुलाई,माइनिंग जोन में प्रदूषण नियंत्रण के लिए दादरी के एसडीएम डा. विरेंद्र सिंह ने रामलवास जोन का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने क्रेशर संचालकों को वृक्षारोपण और पर्यावरण रक्षा के आवश्यक मानदंड पूरा करने के निर्देश दिए।

एसडीएम डा. विरेंद्र सिंह ने कहा कि नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल और प्रदूषण नियंत्रक मानकों के नियमानुसार सभी क्रेशर पर वृक्षारोपण और धूल से बचाव के उपाय किए जाने आवश्यक है। इस बारे में केंद्र सरकार की ओर से वर्ष 11 मई, 2016 को एक नोटिफिकेशन जारी की गई थी। उन्होंने कहा कि माइनिंग मशीनरी कवरशेड से ढकी होनी चाहिए। के्रशर संचालक यह ध्यान रखे कि पानी का निरंतर छिडक़ाव होता रहे तथा धूल कम से कम उड़े। कोई भी क्रेशर मशीन प्रदूषण बढ़ाती हुई पाई गई तो उसे तुरंत प्रभाव से सील कर दिया जाएगा। एसडीएम ने आज एक दर्जन से अधिक क्रेशरों का दौरा किया तथा प्रदूूषण नियंत्रण के सभी मानदंडों की जांच की। उल्लेखनीय है कि उपायुक्त स्वयं दादरी की क्रेशर जोन का दौरा कर चुके हैं। निरीक्षण के समय जो खामियां पाई गईं, एसडीएम ने उनको दूर करने के निर्देश दिए।

डा. विरेंद्र सिंह ने कहा कि क्रेशर को नियमानुसार चलाया जाए तो प्रदूषण पर काबू पाया जा सकता है। दादरी का एयर इंडेक्स पिछले दिनों लगातार धूल उड़ती रहने की वजह से खराब रहा है, जिसको सुधारने की जरूरत है। इसीलिए माइनिंग जोन का निरीक्षण कर क्रेशर की टीन शेड से चारदीवारी बनाने, कन्वेयर बेल्ट को कवर रखने, फव्वारे, पौधे व घास लगाकर के्रशर के आसपास भूमि को हरा-भरा रखने के लिए कहा जा रहा है। इस अवसर पर उनके साथ खनन अधिकारी निरंजन लाल, प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के एसडीओ अर्पनेश कौशिक सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।

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