राव नरेंद्र सिंह बोले— शिक्षा, पेपर लीक, बेरोज़गारी और SIR जागरूकता को लेकर 18 विधानसभा क्षेत्रों में हुआ संवाद; धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग दोहराई

चंडीगढ़, 24 जुलाई। हरियाणा प्रदेश कांग्रेस कमेटी ने दावा किया है कि पार्टी के ‘छात्रों की गूंज’ एवं SIR (स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन) जागरूकता अभियान का पहला चरण सफलतापूर्वक पूरा हो गया है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह ने शुक्रवार को जारी बयान में बताया कि हरियाणा कांग्रेस प्रभारी संजय दत्त के मार्गदर्शन में 19 से 23 जुलाई तक चले अभियान के दौरान पंचकूला, यमुनानगर, अंबाला, कुरुक्षेत्र और करनाल जिलों में व्यापक जनसंपर्क, संगठनात्मक बैठकें और कार्यकर्ता संवाद कार्यक्रम आयोजित किए गए।

राव नरेंद्र सिंह के अनुसार, पहले चरण में अंबाला, कुरुक्षेत्र और करनाल लोकसभा क्षेत्रों के अंतर्गत पांच जिलों की आठ जिला कांग्रेस कमेटियों तथा 18 विधानसभा क्षेत्रों में पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और समर्थकों के साथ बैठकें हुईं। इन बैठकों में शिक्षा व्यवस्था, भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं, पेपर लीक, बढ़ती बेरोज़गारी और युवाओं से जुड़े मुद्दों पर चर्चा की गई। साथ ही SIR अभियान के उद्देश्य और प्रक्रिया की जानकारी देते हुए इसे बूथ स्तर तक पहुंचाने का आह्वान किया गया।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस प्रभारी संजय दत्त ने प्रत्येक जिले में पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं से व्यक्तिगत संवाद कर संगठनात्मक मजबूती और आगामी कार्यक्रमों की रणनीति पर चर्चा की। उनके अनुसार कार्यकर्ताओं का उत्साह इस बात का संकेत है कि प्रदेश में बदलाव की जनभावना मजबूत हो रही है।

प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष ने बताया कि अभियान का दूसरा चरण 30 जुलाई से 3 अगस्त तक चलेगा। इस दौरान फरीदाबाद, पलवल, नूंह, रेवाड़ी और गुरुग्राम जिलों की जिला कांग्रेस कमेटियों तथा संबंधित 19 विधानसभा क्षेत्रों में बैठकें आयोजित की जाएंगी।
राव नरेंद्र सिंह ने कहा कि कांग्रेस छात्रों, युवाओं और आम जनता के अधिकारों की आवाज़ उठाती रही है और आगे भी अन्याय एवं दमन के खिलाफ संघर्ष जारी रखेगी। उन्होंने जंतर-मंतर पर प्रदर्शन कर रहे छात्रों पर हुए कथित लाठीचार्ज की निंदा करते हुए कहा कि लोकतांत्रिक अधिकारों का दमन स्वीकार्य नहीं है।

उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के पेपर लीक मामलों में फास्ट ट्रैक सुनवाई संबंधी बयान पर भी सवाल उठाए। उनका कहना था कि NEET-2024 मामले में पहले से कानून लागू होने और जांच सीबीआई को सौंपे जाने के बावजूद छात्रों को न्याय नहीं मिल सका। उन्होंने आरोप लगाया कि केवल नए कानून बनाने से समस्या का समाधान नहीं होगा, बल्कि मौजूदा कानूनों का निष्पक्ष और प्रभावी क्रियान्वयन जरूरी है।
राव नरेंद्र सिंह ने केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग दोहराते हुए कहा कि सरकार को छात्रों की आवाज़ सुननी चाहिए। उन्होंने छात्रों पर कथित लाठीचार्ज के लिए जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई और छात्रों से सार्वजनिक माफी की भी मांग की।
उन्होंने कहा कि लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी लगातार छात्रों और युवाओं के बीच जाकर उनकी समस्याओं को उठा रहे हैं और कांग्रेस शिक्षा, रोजगार, पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया तथा लोकतांत्रिक अधिकारों से जुड़े मुद्दों पर अपना संघर्ष आगे भी जारी रखेगी।








