मानेसर में सीटू नेताओं को नोटिस: 16 अप्रैल को प्रदेशभर में प्रदर्शन का ऐलान

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

पुलिस नोटिस पर भड़की सीटू, 16 अप्रैल को जिला मुख्यालयों पर होगा जोरदार प्रदर्शन

गुड़गांव, 12 अप्रैल 2026। मानेसर में मजदूर आंदोलन को लेकर एक बार फिर तनाव का माहौल बनता दिख रहा है। ट्रेड यूनियन सीटू (CITU) ने मानेसर पुलिस द्वारा उसके नेताओं को नोटिस जारी किए जाने को “बौखलाहट का प्रदर्शन” बताया है। संगठन ने स्पष्ट किया है कि वह मजदूर अधिकारों की रक्षा के लिए अपने संघर्ष से पीछे नहीं हटेगा।

सीटू की राज्य कार्यकारिणी की 11 अप्रैल को हुई बैठक में निर्णय लिया गया कि 16 अप्रैल को प्रदेशभर के जिला मुख्यालयों पर डीसी कार्यालयों के बाहर जोरदार प्रदर्शन किए जाएंगे। इन प्रदर्शनों के जरिए न्यूनतम वेतन 23,196 रुपये लागू करने, सभी उद्योगों में निर्धारित वेतन लागू करवाने, ओवरटाइम का डबल रेट सुनिश्चित करने तथा मानेसर में गिरफ्तार मजदूरों की रिहाई की मांग उठाई जाएगी।

संगठन के अनुसार, इस प्रदर्शन को लेकर सोशल मीडिया के माध्यम से मजदूरों से भागीदारी की अपील की गई थी। इसी संदर्भ में आईएमटी मानेसर पुलिस ने सीटू के प्रदेश महासचिव जय भगवान और उपाध्यक्ष विनोद कुमार को भारतीय न्याय संहिता की धारा 168 के तहत नोटिस जारी किया है। नोटिस में उनके बयानों को “भड़काऊ” बताते हुए चेतावनी दी गई है कि 16 अप्रैल को किसी भी तरह की आपराधिक घटना होने पर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

सीटू ने पुलिस की इस कार्रवाई को “धमकी” करार देते हुए कहा कि संगठन शांतिपूर्ण तरीके से मजदूरों के हक की लड़ाई लड़ता आया है और आगे भी लड़ता रहेगा। संगठन ने अपने 100 से अधिक वर्षों के संघर्ष और बलिदान के इतिहास का हवाला देते हुए कहा कि वह अंग्रेजी हुकूमत के खिलाफ भी आंदोलन कर चुका है और अब भी मजदूरों के अधिकारों के लिए प्रतिबद्ध है।

संगठन ने भाजपा सरकार पर आरोप लगाया कि वह पूंजीपतियों के पक्ष में काम कर रही है और मजदूरों के हितों की अनदेखी कर रही है। सीटू ने सवाल उठाया कि जब नियम के अनुसार हर पांच साल में न्यूनतम वेतन का पुनरीक्षण होना चाहिए, तो 2015 के बाद 2020 में इसे लागू क्यों नहीं किया गया और अब भी देरी क्यों हो रही है।

इसके साथ ही संगठन ने मानेसर प्रशासन द्वारा धारा 163 लागू करने और शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे मजदूरों पर लाठीचार्ज करने के आरोप भी लगाए। सीटू ने स्पष्ट किया कि वह गिरफ्तार मजदूरों की रिहाई के लिए हर स्तर पर संघर्ष करेगा और उन्हें हर संभव कानूनी सहायता प्रदान करेगा।

Bharat Sarathi
Author: Bharat Sarathi

Leave a Comment

और पढ़ें

error: Content is protected !!