शिक्षा मंत्री श्री महीपाल ढांडा की दूरदृष्टि के अनुरूप युवाओं को विश्व स्तरीय तकनीकी दक्षता प्रदान करने का लक्ष्य निर्धारित
भारत और इटली के बीच शिक्षा, कौशल विकास तथा तकनीकी सहयोग को बढ़ावा देना ही प्रतिनिधिमंडल का उद्देश्य
चंडीगढ़, 27 नवंबर– हरियाणा के शिक्षा मंत्री श्री महीपाल ढांडा द्वारा तकनीकी शिक्षा को अंतरराष्ट्रीय मानकों से जोड़ने की पहल को मजबूत करते हुए राजकीय पॉलिटेक्निक उमरी (कुरुक्षेत्र) में इटली से आए एक उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल का हार्दिक स्वागत किया गया। इस प्रतिनिधिमंडल में ओरेस्ट विगोरिटो, फ्लेवियन बेसिले सहित अन्य प्रमुख सदस्य शामिल थे, जो भारत और इटली के बीच शिक्षा, कौशल विकास तथा तकनीकी सहयोग को बढ़ावा देने के उद्देश्य से यहां पहुंचे।
प्रतिनिधिमंडल ने संस्थान की अत्याधुनिक प्रयोगशालाओं, कार्यशालाओं, स्मार्ट कक्षाओं और तकनीकी संसाधनों का विस्तृत निरीक्षण किया। विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत किए गए इनोवेशन प्रोजेक्ट्स, मॉडल्स एवं कौशल आधारित गतिविधियों ने विदेशी प्रतिनिधियों को बड़ा ही प्रभावित किया। उन्होंने विद्यार्थियों की रचनात्मकता और तकनीकी समझ की खूब सराहना करते हुए कहा कि यह स्तर हरियाणा सरकार की शिक्षा में गुणवत्ता सुधार के दृढ़ संकल्प को दर्शाता है।
संस्थान की ओर से स्वागत करते हुए अधिकारियों ने कहा कि ऐसे अंतरराष्ट्रीय सहयोग विद्यार्थियों को वैश्विक तकनीकी मानकों, आधुनिक औद्योगिक आवश्यकताओं और अंतरराष्ट्रीय रोजगार अवसरों की समझ विकसित करने में अहम भूमिका निभाते हैं। यह प्रयास हरियाणा के शिक्षा मंत्री श्री महीपाल ढांडा के उस विज़न के अनुरूप है जिसमें उन्होंने राज्य के युवाओं को विश्व स्तरीय तकनीकी दक्षता प्रदान करने का लक्ष्य निर्धारित किया है।
इस अवसर पर दोनों पक्षों के बीच संयुक्त प्रशिक्षण कार्यक्रम, स्टूडेंट एक्सचेंज, तकनीकी अनुसंधान सहयोग और भविष्य की साझेदारी के विभिन्न आयामों पर सकारात्मक चर्चा हुई। इटली के प्रतिनिधि दल ने आश्वासन दिया कि वे आने वाले समय में पॉलिटेक्निक उमरी के साथ मिलकर विद्यार्थियों के स्वर्णिम भविष्य के लिए ठोस पहल करेंगे।
कार्यक्रम के संयोजक एवं विभागाध्यक्ष श्री कंवल सचदेवा ने प्रतिनिधिमंडल का औपचारिक स्वागत किया, जबकि विभागाध्यक्ष श्री विजय सिंह ने तकनीकी शिक्षा, हरियाणा की उपलब्धियों एवं प्रगतिशील नीतियों पर विस्तार से जानकारी दी।
संस्थान की प्रधानाचार्य श्रीमती रचना गुप्ता ने सभी अतिथियों का धन्यवाद किया और स्मृति चिह्न भेंट कर सम्मानित किया। कार्यक्रम का समापन आपसी सहयोग और दीर्घकालिक शैक्षणिक संबंधों को सुदृढ़ करने के संकल्प के साथ हुआ।









