आईकैट मानेसर में 1 और 2 सितंबर को होगा कार्यक्रम-सह-प्रदर्शनी
पीएफटीआई स्थानीय उद्यमियों को भागीदारी के लिए कर रहा जागरूक, पंजीकरण निःशुल्क

गुरुग्राम, 31 अगस्त। इलेक्ट्रिक वाहन बाजार के तेजी से विस्तार के बीच गुरुग्राम और मानेसर के सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों (एमएसएमई) को ईवी क्षेत्र की आपूर्ति शृंखला से जोड़ने के उद्देश्य से 1 और 2 सितंबर को आईकैट आईएमटी मानेसर में विक्रेता विकास कार्यक्रम-सह-प्रदर्शनी आयोजित की जाएगी। प्रोग्रेसिव फेडरेशन ऑफ ट्रेड एंड इंडस्ट्री (पीएफटीआई) इसमें सहयोगी की भूमिका निभाते हुए स्थानीय उद्यमियों को अधिक से अधिक संख्या में भाग लेने के लिए जागरूक कर रहा है।
पीएफटीआई के चेयरमैन दीपक मैनी ने कहा कि इलेक्ट्रिक वाहन उद्योग केवल वाहनों के निर्माण तक सीमित नहीं है। बैटरी, बैटरी प्रबंधन प्रणाली, चार्जिंग ढांचा, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और संबंधित तकनीकी सेवाओं सहित अनेक क्षेत्रों में एमएसएमई के लिए कारोबार की नई संभावनाएं पैदा हो रही हैं।

उन्होंने कहा कि गुरुग्राम और मानेसर पहले से ही ऑटोमोबाइल एवं ऑटो कंपोनेंट उद्योग के प्रमुख केंद्र हैं। ऐसे में यहां के उद्योगों के पास ईवी क्षेत्र की आपूर्ति शृंखला से जुड़कर अपने कारोबार का विस्तार करने की अपार संभावनाएं हैं।
बड़े वाहन निर्माताओं से सीधे संपर्क का मंच
दीपक मैनी ने बताया कि विक्रेता विकास कार्यक्रम एमएसएमई और बड़े वाहन निर्माताओं के बीच सीधा संपर्क स्थापित करने का प्रभावी मंच साबित होगा। इसमें मूल उपकरण निर्माता (ओईएम), केंद्रीय सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम (सीपीएसई) और विभिन्न सरकारी विभाग भाग लेंगे।
कार्यक्रम के दौरान उद्यमियों को ईवी कंपोनेंट, चार्जिंग ढांचे, बैटरी एवं बैटरी प्रबंधन प्रणाली से संबंधित नई तकनीकों के साथ सरकारी योजनाओं और प्रोत्साहनों की जानकारी भी दी जाएगी। वे बड़े उद्योगों की खरीद प्रक्रिया और बाजार की बदलती आवश्यकताओं को भी समझ सकेंगे।
बदलाव के लिए अभी से तैयार हों उद्यमी
पीएफटीआई चेयरमैन ने कहा कि आने वाला समय इलेक्ट्रिक वाहनों का है। जो एमएसएमई अभी से इस बदलाव के अनुरूप स्वयं को तैयार करेंगे, उनके लिए आगामी वर्षों में कारोबार बढ़ाने के नए अवसर पैदा होंगे।
उन्होंने गुरुग्राम तथा आसपास के क्षेत्रों के उद्यमियों से कार्यक्रम में भाग लेकर नई तकनीकों, बाजार की जरूरतों और बड़े उद्योगों की खरीद प्रक्रिया को समझने की अपील की। फेडरेशन की ओर से कार्यक्रम की जानकारी साझा कर उद्यमियों को अधिक भागीदारी के लिए प्रेरित किया जा रहा है। कार्यक्रम में भागीदारी और पंजीकरण पूरी तरह निःशुल्क है।








