अतिरिक्त आयुक्त पूजा चांवरिया ने की समीक्षा बैठक, डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण व्यवस्था को और प्रभावी बनाने के दिए निर्देश
गुरुग्राम, 13 जुलाई। नगर निगम गुरुग्राम की अतिरिक्त आयुक्त पूजा चांवरिया ने सोमवार को जोन-4 की स्वच्छता व्यवस्था की समीक्षा बैठक आयोजित की। बैठक में वरिष्ठ सफाई निरीक्षक, सहायक सफाई निरीक्षक एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे। बैठक का मुख्य उद्देश्य जोन-4 को गार्बेज वल्नरेबल प्वाइंट (जीवीपी) मुक्त बनाना तथा डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाना रहा।
बैठक के दौरान अतिरिक्त आयुक्त पूजा चांवरिया ने कहा कि नगर निगम द्वारा जोन-4 को पूरी तरह जीवीपी मुक्त बनाने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि यह अभियान तभी पूरी तरह सफल होगा, जब नागरिक भी इसमें सक्रिय भागीदारी निभाएंगे।
उन्होंने सभी नागरिकों से अपील की कि वे अपने घरों का कूड़ा केवल डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण वाहनों में ही दें तथा सार्वजनिक स्थानों पर कचरा डालने से बचें। इससे आसपास के क्षेत्रों को स्थायी रूप से स्वच्छ रखा जा सकेगा और नए जीवीपी बनने से भी रोका जा सकेगा।
अतिरिक्त आयुक्त ने सभी सहायक सफाई निरीक्षकों को निर्देश दिए कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में संचालित डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण वाहनों की नियमित निगरानी करें तथा उनकी जवाबदेही सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि प्रत्येक घर तक समय पर कचरा संग्रहण सेवा पहुंचना आवश्यक है, ताकि नागरिकों को सार्वजनिक स्थानों पर कचरा डालने की आवश्यकता न पड़े।
बैठक में बताया गया कि जोन-4 में कुल 21 गार्बेज वल्नरेबल प्वाइंट (जीवीपी) चिन्हित किए गए थे। अतिरिक्त आयुक्त के निर्देशों एवं स्वच्छता टीमों के सतत प्रयासों से अब तक 3 जीवीपी को पूरी तरह समाप्त किया जा चुका है। शेष जीवीपी को भी चरणबद्ध तरीके से समाप्त करने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसके लिए स्थानीय नागरिकों, आरडब्ल्यूए, वार्ड समितियों एवं जनप्रतिनिधियों का सहयोग भी लिया जाएगा।
अतिरिक्त आयुक्त ने कहा कि स्वच्छता केवल नगर निगम की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की साझा जिम्मेदारी है। वार्ड समितियों, आरडब्ल्यूए और स्थानीय नागरिकों के सहयोग से जीवीपी मुक्त जोन-4 का लक्ष्य शीघ्र हासिल किया जाएगा। उन्होंने सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों को निर्देश दिए कि नियमित निरीक्षण, जनजागरूकता और प्रभावी निगरानी के माध्यम से स्वच्छता अभियान को और गति दी जाए।









