राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने दी बधाई, गुरुकुल परिवार ने बताया युवाओं के लिए प्रेरणा
कुरुक्षेत्र, 6 जुलाई (प्रमोद कौशिक)। गुरुकुल कुरुक्षेत्र के प्रतिभाशाली छात्र दिवस राठी ने अपनी असाधारण स्मरण शक्ति और अद्भुत प्रस्तुति क्षमता के दम पर विश्व स्तर पर नया इतिहास रच दिया है। मात्र 14.27 सेकंड में एशिया के सभी 49 देशों के नाम सुनाकर उन्होंने इंटरनेशनल बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में अपना नाम दर्ज कराया और विश्व रिकॉर्ड धारक बनने का गौरव हासिल किया।
हरियाणा के सोनीपत जिले के गोहाना क्षेत्र के धनाना गांव निवासी दिवस राठी वर्तमान में गुरुकुल कुरुक्षेत्र में कक्षा 9 के छात्र हैं। उनके पिता अध्यापक हैं, जबकि माता गृहिणी हैं। कम उम्र में मिली इस अंतरराष्ट्रीय सफलता ने न केवल उनके परिवार बल्कि पूरे गुरुकुल और हरियाणा का नाम भी गौरवान्वित किया है।
गुरुकुल के प्रधान राजकुमार गर्ग, निदेशक ब्रिगेडियर डॉ. प्रवीण कुमार तथा प्राचार्य सूबेप्रताप सहित पूरे गुरुकुल परिवार ने दिवस को इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर शुभकामनाएं देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। गुरुकुल के संरक्षक एवं गुजरात के महामहिम राज्यपाल आचार्य देवव्रत ने भी दूरभाष पर दिवस राठी को बधाई देते हुए कहा कि उन्होंने अपनी प्रतिभा से गुरुकुल की ख्याति को विश्व स्तर पर नई पहचान दिलाई है।
ब्रिगेडियर डॉ. प्रवीण कुमार ने बताया कि दिवस राठी ने 19 मार्च 2026 को यह विश्व रिकॉर्ड बनाया। उस समय उनकी आयु 13 वर्ष, 8 माह और 9 दिन थी। उनकी इस उपलब्धि को इंटरनेशनल वर्ल्ड रिकॉर्ड्स ऑफ एक्सीलेंस द्वारा आधिकारिक मान्यता प्रदान की गई है।
दिवस राठी की यह सफलता केवल एक व्यक्तिगत उपलब्धि नहीं, बल्कि अनुशासन, कठिन परिश्रम और निरंतर अभ्यास की शक्ति का जीवंत उदाहरण है। उनकी उपलब्धि देशभर के विद्यार्थियों और युवाओं के लिए प्रेरणा बनकर यह संदेश देती है कि दृढ़ संकल्प और समर्पण के बल पर कम उम्र में भी वैश्विक पहचान हासिल की जा सकती है।








