पर्यावरण संरक्षण और जनजागरण के क्षेत्र में लंबे अनुभव का मिला सम्मान

गुरुग्राम, 5 जून। पर्यावरण संरक्षण, जल संवर्धन और सामाजिक सरोकारों के क्षेत्र में सक्रिय भूमिका निभाने वाले विद्यासागर को हरियाणा पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन आयोग का प्रदेश वाइस चेयरमैन नियुक्त किया गया है। उनकी नियुक्ति आयोग के राष्ट्रीय अध्यक्ष भारत शर्मा द्वारा की गई है। संगठन ने इसे हरियाणा में पर्यावरण संरक्षण अभियानों को नई दिशा देने वाला महत्वपूर्ण निर्णय बताया है।
नियुक्ति पत्र प्रदान करने के अवसर पर हरियाणा प्रदेश चेयरमैन राजेश भारद्वाज, राजस्थान प्रदेश चेयरमैन संदीप सिंह खर्रा, मीडिया ओएसडी कुलदीप भारद्वाज सहित संगठन के अनेक वरिष्ठ पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता उपस्थित रहे। सभी ने विद्यासागर को नई जिम्मेदारी मिलने पर शुभकामनाएं देते हुए उनके नेतृत्व पर विश्वास जताया।
पर्यावरण क्षेत्र में सक्रिय योगदान का मिला प्रतिफल

राष्ट्रीय अध्यक्ष भारत शर्मा ने कहा कि विद्यासागर वर्षों से पर्यावरण संरक्षण, वृक्षारोपण और जनजागरूकता अभियानों से जुड़े रहे हैं। उनके अनुभव, कार्यशैली और सामाजिक प्रतिबद्धता को देखते हुए उन्हें यह महत्वपूर्ण दायित्व सौंपा गया है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि विद्यासागर के नेतृत्व में हरियाणा में वृक्षारोपण, जल संरक्षण, वायु प्रदूषण नियंत्रण और जलवायु परिवर्तन के प्रति जागरूकता संबंधी कार्यक्रमों को नई गति मिलेगी।
उन्होंने कहा कि आयोग का लक्ष्य केवल पौधे लगाना नहीं, बल्कि पर्यावरण संरक्षण को जनभागीदारी का अभियान बनाकर हर जिले को हरित, स्वच्छ और पर्यावरण के प्रति संवेदनशील बनाना है।
हरियाणा में पर्यावरण आंदोलन को मिलेगा नया नेतृत्व
हरियाणा प्रदेश चेयरमैन राजेश भारद्वाज ने कहा कि विद्यासागर की संगठनात्मक क्षमता और समाज के विभिन्न वर्गों के साथ उनकी मजबूत पकड़ आयोग के लिए बड़ी ताकत साबित होगी। उनके नेतृत्व में सरकार, स्थानीय प्रशासन, शैक्षणिक संस्थानों और स्वयंसेवी संगठनों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित कर पर्यावरण संरक्षण के कार्यों को व्यापक स्तर पर आगे बढ़ाया जाएगा।
त्रिवेणी पौधारोपण अभियान बनेगा प्राथमिकता
नवनियुक्त वाइस चेयरमैन विद्यासागर ने संगठन का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह पद उनके लिए सम्मान के साथ-साथ बड़ी जिम्मेदारी भी है। उन्होंने कहा कि आगामी वर्षा ऋतु में पूरे हरियाणा में व्यापक स्तर पर त्रिवेणी पौधारोपण अभियान चलाया जाएगा, जिससे पर्यावरण संरक्षण के साथ-साथ जैव विविधता को भी बढ़ावा मिलेगा।
उन्होंने बताया कि स्कूलों और कॉलेजों में पर्यावरण क्लबों को सक्रिय किया जाएगा, औद्योगिक क्षेत्रों में हरित पहल को प्रोत्साहित किया जाएगा तथा ग्राम पंचायत स्तर पर तालाब संरक्षण, जल संचयन और स्वच्छता अभियानों को विशेष प्राथमिकता दी जाएगी।
हरित हरियाणा के संकल्प को मिलेगा बल
विद्यासागर ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण केवल सरकारी जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक व्यक्ति का दायित्व है। सामूहिक प्रयासों और जनभागीदारी के माध्यम से हरियाणा को हरित, स्वच्छ और पर्यावरणीय रूप से समृद्ध प्रदेश बनाने के लिए आयोग पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य करेगा। उनकी नियुक्ति से पर्यावरण संरक्षण के क्षेत्र में कार्यरत संगठनों और पर्यावरण प्रेमियों में उत्साह का माहौल है।








