दो कांग्रेस विधायकों के वोट पर उठे सवाल • बैलेट फोल्ड न करने का आरोप • कांग्रेस अध्यक्ष ने चुनाव आयोग को लिखा पत्र

चंडीगढ़: हरियाणा में राज्यसभा की दो सीटों के लिए हुए चुनाव की मतगणना के दौरान अचानक विवाद खड़ा हो गया, जिसके बाद काउंटिंग प्रक्रिया को रोकना पड़ा। भाजपा ने कांग्रेस के दो विधायकों द्वारा डाले गए वोटों पर आपत्ति जताते हुए आरोप लगाया कि उन्होंने बैलेट पेपर को नियमानुसार फोल्ड किए बिना मतपेटी में डाला है, इसलिए इन वोटों को अमान्य घोषित किया जाना चाहिए।
भाजपा की इस आपत्ति के बाद चुनाव अधिकारियों ने मामले की जांच शुरू कर दी और नियमों के अनुसार स्थिति स्पष्ट होने तक मतगणना प्रक्रिया को अस्थायी रूप से रोक दिया गया। इस घटनाक्रम से राज्यसभा चुनाव का माहौल अचानक गर्मा गया।
इसी बीच कांग्रेस ने भाजपा पर चुनावी प्रक्रिया को प्रभावित करने की कोशिश करने का आरोप लगाया है। कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने चुनाव आयोग को पत्र लिखकर मामले में तुरंत हस्तक्षेप करने की मांग की है।
अपने पत्र में उन्होंने कहा कि चुनाव की निष्पक्षता में दखल देने की साफ कोशिश हो रही है और कांग्रेस विधायकों द्वारा डाले गए वैध वोटों को अमान्य घोषित करने की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि ऐसा करना चुनावी प्रक्रिया को प्रभावित करने और उसे पटरी से उतारने का प्रयास होगा।
हरियाणा विधानसभा के 90 सदस्य राज्यसभा की दो सीटों के लिए मतदान कर चुके हैं। एक सीट जीतने के लिए उम्मीदवार को कम से कम 31 वोटों की आवश्यकता होती है। चुनाव में भाजपा और कांग्रेस के उम्मीदवार मैदान में हैं और संख्या बल के आधार पर दोनों दलों को एक-एक सीट मिलने की संभावना जताई जा रही थी।
हालांकि, मतगणना के दौरान उठे इस विवाद के कारण अंतिम परिणाम फिलहाल घोषित नहीं हो पाया है। चुनाव अधिकारियों द्वारा नियमों के अनुसार मामले की समीक्षा के बाद ही मतगणना प्रक्रिया दोबारा शुरू होने और परिणाम घोषित होने की संभावना है।








