लगातार फोन कॉल, व्हाट्सएप कॉल और मैसेज के जरिए पीड़ितों को मानसिक रूप से प्रताड़ित करने वाले गिरोह पर कार्रवाई, 5 आरोपी गिरफ्तार।
लोन रिकवरी के नाम पर पीड़ितों व उनके परिजनों को दी जाती थीं अश्लील गालियां, जान से मारने की धमकी और निजी तस्वीरें भेजकर बनाया जाता था मानसिक दबाव।
गुरुग्राम: 01 जुलाई 2026 – दिनांक 22.05.2026 को एक व्यक्ति ने थाना साइबर अपराध पूर्व, गुरुग्राम में शिकायत दी कि कुछ अज्ञात व्यक्तियों द्वारा इसे तथा इसके परिवार के सदस्यों को विभिन्न मोबाइल नंबरों से लगातार फोन कॉल, व्हाट्सएप कॉल एवं मैसेज कर मानसिक रूप से प्रताड़ित किया जा रहा है। आरोपी किसी अन्य व्यक्ति के लोन की रिकवरी के नाम पर इससे अभद्र व्यवहार कर रहे थे। इसके द्वारा जानकारी से इनकार करने के बावजूद आरोपी लगातार अश्लील एवं आपत्तिजनक भाषा का प्रयोग कर धमकियां देते रहे। इसके अतिरिक्त इसे एवं इसके परिवार के सदस्यों को स्पैम/OTP संदेश भेजे गए, उनकी निजी तस्वीरें व्हाट्सएप पर भेजकर डराने का प्रयास किया गया। प्राप्त शिकायत पर थाना साइबर अपराध पूर्व, गुरुग्राम में संबंधित धाराओं के तहत अभियोग अंकित किया गया।
थाना साइबर अपराध पूर्व, गुरुग्राम की पुलिस टीम ने तकनीकी विश्लेषण एवं गहन जांच के आधार पर दिनांक 29.06.2026 को मंगोलपुर, दिल्ली स्थित एक रिकवरी कॉल सेंटर पर कार्यवाही करते हुए 05 आरोपियों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान 1. विनीता निवासी करण विहार, दिल्ली, 2. सुचिता निवासी भाग्य विहार, मदनपुर डबास, दिल्ली, 3. नितेश राठौड़ उर्फ अंकित निवासी बुध विहार, दिल्ली, 4. साहिल निवासी रामा विहार, दिल्ली तथा 5. पवन गोला निवासी बुध विहार, दिल्ली के रूप में हुई है। सभी आरोपियों की आयु 22 से 27 वर्ष के बीच है।
पुलिस जांच एवं पूछताछ में ज्ञात हुआ कि आरोपी एक थर्ड पार्टी रिकवरी कॉल सेंटर के माध्यम से विभिन्न वित्तीय संस्थानों से लोन लेने वाले ग्राहकों एवं उनके परिजनों को बार-बार फोन कॉल एवं व्हाट्सएप मैसेज कर मानसिक रूप से प्रताड़ित करते थे। भुगतान का दबाव बनाने के लिए अश्लील एवं आपत्तिजनक गालियां देते थे, धमकी भरे संदेश भेजते थे, निजी फोटो साझा कर डराने का प्रयास करते थे तथा विभिन्न माध्यमों से लगातार कॉल कर पीड़ितों पर मानसिक दबाव बनाते थे, ताकि उनसे जबरन लोन की वसूली कराई जा सके।
अभियोग में नियमानुसार आगामी कार्यवाही की जाएगी। अभियोग अनुसंधानाधीन है।








