HPSC के विरुद्ध आंदोलनरत युवाओं की मांग तुरंत पूरी करे सरकार- हुड्डा

चंडीगढ़, 26 जून । पूर्व मुख्यमंत्री व नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने एक के बाद एक सामने आ रहे बैंक घोटालों पर चिंता जाहिर की है। उन्होंने कहा कि इस पूरे मामले की जांच सुप्रीम कोर्ट या हाई कोर्ट के जज की निगरानी में होनी चाहिए। ताकि कोई दोषी बचे ना और कोई निर्दोष फंसे ना। हुड्डा अपने आवास पर पत्रकार वार्ता को संबोधित कर रहे थे। इस मौके पर उन्होंने एचपीएससी की भर्तियों में हो रही धांधली और उसके विरुद्ध युवाओं के आमरण अनशन पर भी टिप्पणी की।
हुड्डा ने बताया कि उन्होंने आंदोलनरत युवाओं से मुलाकात कर कांग्रेस की ओर उनकी मांगों का समर्थन किया है। एचपीएससी जिस तरह भर्तियों में धांधली करके हरियाणवी युवाओं को नौकरियों से वंचित कर रही है, उसके विरुद्ध लगातार अनशन कर रहे युवाओं की मांग पूरी तरह जायज है। सरकार को बिना देरी के उनकी मांग माननी चाहिए और अनशन खत्म करवाना चाहिए।
नेता प्रतिपक्ष ने कहा कि क्लास A और B नौकरियों में स्थानीय युवाओं की अनदेखी कर बाहरी लोगों को तरजीह दी जा रही है। इतना ही नहीं, जानबूझकर भर्तियों के पदों को खाली छोड़ा जा रहा है। खासकर BC-SC के पदों को टारगेट किया जा रहा है। सरकार 35% क्राइटेरिया को भर्तियां ना करने और हरियाणवियों का हक मारने का हथियार बना चुकी है। इस क्राइटेरिया को तुरंत बर्खास्त करके, खाली पदों को भरना चाहिए।
हुड्डा ने कानून व्यवस्था पर चिंता जाहिर करते हुए कहा कि कांग्रेस विधायक बलराम दांगी के कार्यालय पर पहले फायरिंग की गई और अब उनसे फिरौती मांगी गई है। इससे पता चलता है कि अपराधियों के जहन में कानून का कोई डर नहीं है। यह बेहद गंभीर मामला है। अगर जनप्रतिनिधि भी आज सुरक्षित नहीं है तो फिर आम जनता कैसे सुरक्षित होगी?
भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि हरियाणा सरकार राजस्थान को पानी भेजने के लिए समझौता तो कर रही है, लेकिन पंजाब से हरियाणा के हिस्से का पानी लेने के लिए कोई कोशिश नहीं कर रही। हरियाणा के मुख्यमंत्री आए दिन पंजाब में जाते रहते हैं। लेकिन कभी भी हरियाणा के पानी का मुद्दा वहां नहीं उठाते। इससे पता चलता है कि बीजेपी का रवैया हरियाणा के हितों को लेकर कितना उदासीन है।
प्रदेश की आर्थिक स्थिति पर टिप्पणी करते हुए उन्होंने कहा कि भाजपा ने हरियाणा को कर्ज में डुबो दिया है। आज स्थिति ये है कि यह सरकार नया कर्ज लेकर पुराने कर्ज की किस्त भर रही है। नेता प्रतिपक्ष ने चानौत गांव के लोगों का समर्थन करते हुए कहा कि ग्रामीणों को उनके हक का पानी मिलना चाहिए। यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि किसी गांव को पानी जैसी आधारभूत सुविधा के लिए भी आंदोलन करना पड़ता है।







