लू और डिहाइड्रेशन से बचाव के लिए बुजुर्गों को दी विशेष सावधानी बरतने की सलाह
सामाजिक संस्थाओं और परिवारों से भी वरिष्ठ नागरिकों का विशेष ध्यान रखने की अपील
गुरुग्राम। लगातार बढ़ते तापमान और झुलसा देने वाली गर्म हवाओं के बीच वरिष्ठ नागरिकों के स्वास्थ्य को लेकर चिंता बढ़ती जा रही है। ऐसे में वरिष्ठ नागरिक केसरी क्लब के प्रधान एवं फोरबा के चेयरमैन धर्मसागर ने बुजुर्गों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील करते हुए कहा कि भीषण गर्मी को हल्के में लेना जानलेवा साबित हो सकता है।
उन्होंने कहा कि बढ़ती उम्र के साथ शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता और तापमान सहन करने की शक्ति कमजोर पड़ जाती है। यही कारण है कि वरिष्ठ नागरिकों को इस मौसम में अपनी दिनचर्या, खानपान और स्वास्थ्य के प्रति अतिरिक्त सावधानी बरतनी चाहिए।
धर्मसागर ने कहा कि दोपहर के समय सूर्य की तीखी किरणें और लू का प्रभाव सबसे अधिक रहता है, इसलिए अत्यंत आवश्यक कार्य न होने पर बुजुर्ग घरों से बाहर निकलने से बचें। यदि बाहर जाना जरूरी हो तो सिर को सूती कपड़े, टोपी या छाते से ढककर निकलें तथा अपने साथ पानी की बोतल अवश्य रखें।
उन्होंने वरिष्ठ नागरिकों को शरीर में पानी की कमी न होने देने की सलाह देते हुए कहा कि नियमित रूप से नींबू पानी, छाछ, ओआरएस, नारियल पानी तथा मौसमी फलों का सेवन करते रहें। साथ ही हल्का एवं सुपाच्य भोजन लें और अत्यधिक धूप तथा गर्म वातावरण से दूरी बनाए रखें।
उन्होंने कहा कि थोड़ी सी लापरवाही हीट स्ट्रोक, चक्कर आना, डिहाइड्रेशन और अन्य गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का कारण बन सकती है। इसलिए परिवार के सदस्यों को भी चाहिए कि वे अपने घर के बुजुर्गों का विशेष ध्यान रखें और समय-समय पर उनका हालचाल लेते रहें।
धर्मसागर ने सामाजिक एवं धार्मिक संस्थाओं से भी मानवीय संवेदनशीलता दिखाने का आह्वान करते हुए कहा कि आसपास रहने वाले अकेले या असहाय बुजुर्गों की नियमित रूप से सहायता की जाए, ताकि आवश्यकता पड़ने पर उन्हें तुरंत मदद मिल सके।
उन्होंने कहा कि “वरिष्ठ नागरिक हमारे समाज का अनुभव और संस्कार हैं। उनकी सुरक्षा और देखभाल केवल परिवार ही नहीं, बल्कि पूरे समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है।”







