CCTV बंद रहने से EVM सुरक्षा पर उठे सवाल, प्रशासन से पारदर्शी जांच की मांग
पंचकूला, 11 मई। पंचकूला के स्ट्रॉन्ग रूम में कथित रूप से CCTV कैमरों के बंद रहने का मामला अब राजनीतिक और प्रशासनिक बहस का बड़ा विषय बनता जा रहा है। मेयर प्रत्याशी सुधा भारद्वाज ने इस पूरे घटनाक्रम को चुनावी पारदर्शिता और लोकतांत्रिक व्यवस्था पर गंभीर प्रश्नचिह्न बताते हुए प्रशासन और सरकार से तत्काल जवाब मांगा है।
सोशल मीडिया पर जारी अपने संदेश में सुधा भारद्वाज ने आरोप लगाया कि जिस स्थान पर EVM मशीनें रखी जाती हैं, वहां 24 घंटे निगरानी व्यवस्था अनिवार्य होती है, लेकिन पंचकूला स्ट्रॉन्ग रूम में सुबह लगभग 9:21 बजे से 11:11 बजे तक CCTV कैमरे बंद रहने की सूचना ने पूरे मामले को संदेह के घेरे में ला दिया है।
उन्होंने कहा कि यह केवल तकनीकी खराबी का मामला नहीं माना जा सकता, बल्कि यह चुनाव प्रक्रिया की विश्वसनीयता और सुरक्षा से जुड़ा अत्यंत संवेदनशील विषय है। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर कैमरे कब से बंद थे, निगरानी व्यवस्था ठप होने की जिम्मेदारी किसकी है, और इस दौरान वैकल्पिक सुरक्षा व्यवस्था क्या की गई थी।
सुधा भारद्वाज ने यह भी मांग की कि चुनाव आयोग और प्रशासन पूरे मामले की पारदर्शी जांच करवाए तथा सभी राजनीतिक दलों और उम्मीदवारों को वास्तविक स्थिति से अवगत कराया जाए। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में जनता का विश्वास सबसे महत्वपूर्ण होता है और ऐसी घटनाएं चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता पर सवाल खड़े करती हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार और प्रशासन की लापरवाही के कारण जनता के मन में शंकाएं पैदा हो रही हैं। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में लापरवाही नहीं बल्कि जवाबदेही आवश्यक है और चुनावी प्रक्रिया से जुड़े हर पहलू में पूर्ण पारदर्शिता सुनिश्चित की जानी चाहिए।
राजनीतिक हलकों में यह मामला चर्चा का विषय बना हुआ है और अब निगाहें प्रशासन तथा चुनाव अधिकारियों की प्रतिक्रिया पर टिकी हुई हैं।
Adding final touches









