हरियाणा के किसानों के लिए वरदान बनी बारिश

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गेहूं–सरसों को मिलेगा लाभ, ओलावृष्टि ने बढ़ाई चिंता

गुरुग्राम | 23 जनवरी 2026 – हरियाणा के कई जिलों सहित गुरुग्राम में शुक्रवार सुबह से रुक-रुक कर हो रही बारिश ने मौसम का मिजाज बदल दिया है। बीते कुछ दिनों से लगातार बढ़ रहे तापमान पर बारिश ने विराम लगा दिया है, जिससे एक बार फिर ठंड का असर बढ़ गया है। बारिश के कारण अधिकतम और न्यूनतम तापमान में गिरावट दर्ज की गई है और आम जनजीवन फिर से सर्दी की चपेट में आता नजर आ रहा है।

मौसम विभाग ने पहले ही 23 और 24 जनवरी को बारिश का अलर्ट जारी किया था। विभाग के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ के सक्रिय होने के चलते यह बदलाव देखने को मिला है। गुरुग्राम और आसपास के क्षेत्रों में सुबह से हल्की से मध्यम बारिश हुई, जिससे वातावरण में नमी बढ़ गई है।

किसानों के लिए राहत, पर आशंका भी

यह बारिश किसानों के लिए राहत लेकर आई है। रबी सीजन की प्रमुख फसलें गेहूं और सरसों इस समय संवेदनशील अवस्था में हैं और इस बारिश से खेतों में प्राकृतिक सिंचाई हो गई है। इससे फसलों की बढ़वार बेहतर होने और उत्पादन बढ़ने की उम्मीद जताई जा रही है। किसानों का कहना है कि इस समय की गई बारिश से मिट्टी में नमी बनी रहेगी और सिंचाई का खर्च भी कम होगा।

हालांकि किसानों की चिंता पूरी तरह समाप्त नहीं हुई है। उनका कहना है कि यदि बारिश के साथ ओलावृष्टि हो जाती है तो खड़ी फसलों को भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है, विशेषकर सरसों की फसल को। इसके अलावा मौसम के ठंडा होने से आम लोगों को भी एक बार फिर सर्दी का सामना करना पड़ सकता है।

कृषि विशेषज्ञ की प्रतिक्रिया

कृषि विशेषज्ञों का मानना है कि यदि बारिश सीमित और नियंत्रित रही तो यह फसलों के लिए लाभकारी साबित होगी। कृषि विशेषज्ञ के अनुसार, “इस समय हुई हल्की से मध्यम बारिश गेहूं और सरसों के लिए बेहद फायदेमंद है। इससे नमी बनी रहेगी और फसल की गुणवत्ता सुधरेगी। लेकिन यदि ओलावृष्टि या तेज बारिश हुई तो नुकसान की संभावना बढ़ सकती है, इसलिए किसानों को मौसम विभाग के अलर्ट पर नजर रखनी चाहिए।”

फिलहाल किसान आसमान की ओर टकटकी लगाए हुए हैं और उम्मीद कर रहे हैं कि यह बारिश उनकी मेहनत को संवारने वाली साबित हो, न कि नुकसान पहुंचाने वाली।

Bharat Sarathi
Author: Bharat Sarathi

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