200 बेड अस्पताल के स्थान को लेकर आठ माह से आंदोलन, सरकार पर राजनीति करने का आरोप
रेवाड़ी, 19 जनवरी 2026। स्वयंसेवी संस्था ग्रामीण भारत के अध्यक्ष वेदप्रकाश विद्रोही ने हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव से आग्रह किया है कि वे रेवाड़ी के नागरिकों को स्पष्ट रूप से बताएं कि 200 बेड का सरकारी अस्पताल आखिर किस स्थान पर बनेगा। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार द्वारा लगातार भ्रम बनाए रखने से रेवाड़ी में अनावश्यक विवाद की स्थिति पैदा हो रही है।
विद्रोही ने बताया कि रामगढ़–भगवानपुर गांव के ग्रामीण बीते करीब आठ माह से अपने गांव में 200 बेड का अस्पताल बनाए जाने की मांग को लेकर धरने पर बैठे हैं। भीषण शीतलहर के बावजूद खुले आसमान के नीचे लोगों का धरना देना किसी भी सूरत में उचित नहीं है। उन्होंने सवाल उठाया कि सरकार को यह बताने में क्या आपत्ति है कि अस्पताल कहां बनेगा?
उन्होंने कहा कि अस्पताल के स्थान को लेकर भ्रम फैलाकर व्यर्थ का विवाद बनाए रखने के पीछे सरकार की मंशा समझ से परे है। रेवाड़ी के जागरूक नागरिक इस स्थिति से असमंजस में हैं। विद्रोही ने विशेष रूप से कहा कि स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव स्वयं रामपुरा, रेवाड़ी से संबंधित हैं, इसके बावजूद अपने गृह नगर में 200 बेड का अस्पताल कहां बनेगा—यह जानकारी जनता से साझा करने से परहेज क्यों किया जा रहा है?
वेदप्रकाश विद्रोही ने आरोप लगाया कि 200 बेड के अस्पताल को लेकर भाजपा सरकार राजनीति कर रही है, जो निंदनीय है। उन्होंने कहा कि प्रदेश की स्वास्थ्य सेवाएं पहले से ही बेहद लचर स्थिति में हैं। सरकारी अस्पताल मरीजों का इलाज करने के बजाय खुद बीमार नजर आ रहे हैं। अस्पतालों में न तो पर्याप्त डॉक्टर हैं, न नर्सिंग व सपोर्टिंग स्टाफ और न ही मजबूत आधारभूत ढांचा मौजूद है।
उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने के बजाय सरकार ओछी राजनीति कर हालात को और खराब कर रही है। विद्रोही ने मुख्यमंत्री से मांग की कि यदि सरकार में जरा भी नैतिकता बची है तो रेवाड़ी में 200 बेड के अस्पताल के स्थान को लेकर बनी भ्रम की स्थिति को तुरंत समाप्त किया जाए।









