पूर्व सैन्य अधिकारियों सहित गणमान्य व्यक्तियों ने जल-रक्षकों को दी श्रद्धांजलि
गुरुग्राम, 4 दिसंबर (अशोक)- पालम विहार स्थित रेजांगला युद्ध स्मारक पर मंगलवार को भारतीय नौसेना दिवस धूमधाम से मनाया गया। कार्यक्रम में शामिल पूर्व सैन्य अधिकारियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने देश की सुरक्षा के लिए अपने प्राण न्यौछावर करने वाले जलप्रहरियों को पुष्पांजलि अर्पित की और उनको नमन किया।
कार्यक्रम का आयोजन डा. राजेंद्र प्रसाद फाउंडेशन द्वारा किया गया। फाउंडेशन के अध्यक्ष राजेश पटेल ने कहा कि भारतीय सेना—थल, वायु और नौसेना—सदैव देश की सीमाओं और जलमार्गों की सुरक्षा में तत्पर रहती है। भारतीय नौसेना की तत्परता और साहस विश्व की शक्तिशाली सेनाओं में उसकी पहचान को और मजबूत बनाता है।
उन्होंने बताया कि 1971 के भारत-पाक युद्ध में पाकिस्तान द्वारा 3 दिसंबर को किए गए हमले के जवाब में भारतीय नौसेना ने एक रणनीतिक ऑपरेशन को अंजाम दिया, जिसने पाक नौसेना को भारी क्षति पहुंचाई। इसी विजयगाथा की स्मृति में 4 दिसंबर को हर वर्ष भारतीय नौसेना दिवस मनाया जाता है। नौसेना दिवस मनाने की परंपरा 1972 में वरिष्ठ नौसैनिक सम्मेलन के निर्णय के बाद शुरू हुई।
राजेश पटेल ने कहा कि नौसेना के जवान समुद्री सीमाओं के प्रहरी हैं और देशवासी उनकी वीरता पर सदैव गर्व करते हैं।
कार्यक्रम में उपस्थित प्रमुख गणमान्य व्यक्ति
डा. टी.सी. राव, ए.के. दास, गजराज सिंह, नरेंद्र कुमार, मनोज सिन्हा, इंद्रजीत सिंह, कर्नल अजीत सिंह यादव, हरि सिंह यादव, पी.डी. यादव, आर.पी. यादव, जे.एस. यादव, खुशीराम, कैप्टन महेंद्र पाल, ओ.पी. यादव, वी.पी. यादव, एस.एल. यादव, नरेश यादव, चंदूलाल, एडवोकेट राम कुमार, राधेश्याम पांडेय आदि।







