हरियाणा के निर्माण में इंदिरा गांधी और बंसीलाल का योगदान याद करे सरकार : विद्रोही

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

हरियाणा दिवस पर प्रदेशवासियों को दी बधाई, भाजपा शासन की नीतियों पर उठाए सवाल

रेवाड़ी जिले की स्थापना के 37 वर्ष पूरे होने पर नागरिक सुविधाएं मजबूत करने का आह्वान

रेवाड़ी, 1 नवंबर। स्वयंसेवी संस्था ग्रामीण भारत के अध्यक्ष वेदप्रकाश विद्रोही ने हरियाणा दिवस पर प्रदेशवासियों को बधाई देते हुए कहा कि प्रदेश की स्थापना के 60 वर्ष पूरे होना गौरव का अवसर है। उन्होंने कहा कि सरकार को राजनीतिक मतभेदों से ऊपर उठकर हरियाणा के गठन और विकास में पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी तथा पूर्व मुख्यमंत्री चौधरी बंसीलाल के योगदान को याद करना चाहिए।

विद्रोही ने कहा कि हरियाणा अपनी स्थापना के 60 वर्ष पूरे कर 61वें वर्ष में प्रवेश कर गया है। उन्होंने प्रदेश के गठन का श्रेय इंदिरा गांधी को देते हुए कहा कि उनके मार्गदर्शन और संरक्षण में प्रदेश के तीसरे मुख्यमंत्री चौधरी बंसीलाल ने चहुंमुखी विकास की नींव मजबूत की। उनके अनुसार, हरियाणा उन चुनिंदा राज्यों में शामिल रहा, जिन्होंने गठन के शुरुआती दस वर्षों में तेजी से विकास कर देश के विकसित राज्यों में अपनी पहचान बनाई।

भाजपा सरकार पर निशाना साधते हुए विद्रोही ने आरोप लगाया कि वह पूर्ववर्ती नेतृत्व के योगदान को उचित सम्मान देने के बजाय प्रदेश के निर्माण और विकास का श्रेय स्वयं लेने का प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि हरियाणा दिवस प्रदेश की साझा उपलब्धियों और उसके निर्माण में योगदान देने वाले व्यक्तित्वों को याद करने का अवसर है।

विद्रोही ने भाजपा शासन के दौरान कानून-व्यवस्था और सामाजिक सद्भाव की स्थिति पर भी सवाल उठाए। उन्होंने आरोप लगाया कि राजनीतिक स्वार्थों के कारण प्रदेश में जातीय तनाव बढ़ा और आपसी भाईचारे को नुकसान पहुंचा। उन्होंने दावा किया कि पिछले 12 वर्षों में हिंसा की चार बड़ी घटनाओं के दौरान पुलिस गोलीबारी में 83 लोगों की मृत्यु हुई तथा सरकारी और निजी संपत्ति को भारी नुकसान पहुंचा।

किसानों की स्थिति पर चिंता जताते हुए विद्रोही ने आरोप लगाया कि सरकार की उपेक्षा से खेती का संकट गहराया है। उन्होंने दावा किया कि कर्ज और फसल खराब होने से जुड़े मामलों में 93 किसानों ने आत्महत्या की अथवा सदमे से उनकी मृत्यु हुई। तीन कृषि कानूनों के खिलाफ हुए आंदोलन का उल्लेख करते हुए उन्होंने आंदोलनरत किसानों के प्रति सरकार के रवैये की आलोचना की।

विद्रोही ने बेरोजगारी और प्रदेश पर बढ़ते कर्ज को भी चिंता का विषय बताया। उन्होंने दावा किया कि पिछले सात वर्षों में हरियाणा का कर्ज पांच गुना बढ़कर पांच लाख करोड़ रुपये हो गया है। इसके लिए उन्होंने सरकार के आर्थिक प्रबंधन को जिम्मेदार ठहराया।

रेवाड़ी जिले की स्थापना के 37 वर्ष पूरे होने पर विद्रोही ने जिलेवासियों को भी बधाई दी। उन्होंने कहा कि इस अवधि में जिले ने विभिन्न क्षेत्रों में प्रगति की है, लेकिन विकास को आगे बढ़ाने और नागरिक सुविधाओं को मजबूत करने की जरूरत बनी हुई है। उन्होंने निर्वाचित जनप्रतिनिधियों तथा सत्तापक्ष और विपक्ष के नेताओं से जिले के विकास के लिए मिलकर काम करने का आह्वान किया।

Bharat Sarathi
Author: Bharat Sarathi

और पढ़ें