एक नवंबर की रैली को जनवादी महिला समिति का समर्थन

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प्रदेश की महिलाओं से दिल्ली के रामलीला मैदान में बड़ी संख्या में पहुंचने की अपील

मताधिकार की रक्षा, महंगाई और महिला सुरक्षा के मुद्दों पर एकजुट होने का आह्वान

गुरुग्राम, 29 अक्टूबर। अखिल भारतीय जनवादी महिला समिति, हरियाणा ने एक नवंबर को दिल्ली के रामलीला मैदान में प्रस्तावित इंडिया गठबंधन की रैली का समर्थन किया है। समिति ने प्रदेश की महिलाओं से लोकतांत्रिक अधिकारों, सम्मान और सामाजिक न्याय की रक्षा के लिए रैली में बढ़-चढ़कर भाग लेने की अपील की है।

समिति की राज्य अध्यक्ष सविता और राज्य महासचिव उषा सरोहा ने संयुक्त बयान में आरोप लगाया कि हरियाणा सहित देश के विभिन्न हिस्सों में मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण के नाम पर बड़ी संख्या में पात्र नागरिकों के नाम काटे जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग की जिम्मेदारी गरीबों, मजदूरों, महिलाओं, प्रवासियों और वंचित वर्गों के मताधिकार की रक्षा सुनिश्चित करना है, लेकिन उसकी कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं।

दोनों पदाधिकारियों ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर अन्य दोनों चुनाव आयुक्तों की अनदेखी करने और भाजपा को चुनावी लाभ पहुंचाने के लिए काम करने का आरोप भी लगाया। उन्होंने कहा कि मतदाता सूची दुरुस्त करने की प्रक्रिया निष्पक्ष और पारदर्शी होनी चाहिए। इस प्रक्रिया में किसी भी पात्र नागरिक को मतदान के अधिकार से वंचित करना स्वीकार्य नहीं है।

सविता और उषा सरोहा ने कहा कि महंगाई, बेरोजगारी, महिलाओं के खिलाफ हिंसा, सामाजिक असमानता और भेदभाव से आम जनता परेशान है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार की नीतियों का सबसे अधिक असर महिलाओं, मजदूरों, किसानों और मेहनतकश वर्ग पर पड़ रहा है। सरकार इन समस्याओं का समाधान करने के बजाय जनता को बांटने की राजनीति कर रही है।

समिति की पदाधिकारियों ने लोकतांत्रिक अधिकारों, संविधान की मूल भावना, धर्मनिरपेक्षता और सामाजिक न्याय की रक्षा के लिए सभी जनवादी एवं प्रगतिशील संगठनों से एकजुट होने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि विपक्ष की आवाज दबाने और जनता के वास्तविक मुद्दों से ध्यान भटकाने की राजनीति का मुकाबला जरूरी है।

उन्होंने कहा कि एक नवंबर की रैली मताधिकार पर मंडराते खतरे और सरकार की जनविरोधी नीतियों के खिलाफ आवाज उठाने का अवसर है। समिति ने प्रदेश की महिलाओं तथा सभी लोकतांत्रिक और प्रगतिशील संगठनों से बड़ी संख्या में रैली में शामिल होकर इसे सफल बनाने की अपील की।

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Author: Bharat Sarathi

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