मासिक बैठक में लंबित मांगें उठाईं, जन्मदिन वाले पेंशनरों को ‘पेंशनर्स रत्न अवॉर्ड’ से किया सम्मानित

गुरुग्राम, 10 अक्टूबर। हरियाणा बिजली पेंशनर्स वेलफेयर एसोसिएशन, गुरुग्राम की मासिक बैठक में कैशलेस चिकित्सा सुविधा लागू नहीं होने और लंबे समय से लंबित मांगों का समाधान नहीं होने पर पेंशनरों ने नाराजगी जताई। वक्ताओं ने कहा कि बढ़ती उम्र में चिकित्सा सुविधाओं की सबसे अधिक जरूरत होती है, लेकिन इनके लिए भी सेवानिवृत्त कर्मचारियों को परेशान होना पड़ रहा है। बैठक में अक्टूबर माह में जन्मदिन वाले पेंशनरों को सम्मानित भी किया गया।
महरौली रोड स्थित बिजली निगम के विश्राम गृह में आयोजित बैठक की अध्यक्षता हरियाणा विद्युत प्रसारण निगम के टीएस विभाग के पूर्व अधीक्षण अभियंता इंजीनियर जे.सी. मेहता ने की। मंच संचालन यूनिट सचिव बनवारी लाल शर्मा ने किया। शुरुआत में इस माह दिवंगत हुए बिजली पेंशनर्स परिवार के सदस्यों की स्मृति में दो मिनट का मौन रखकर श्रद्धांजलि अर्पित की गई। इसके बाद भक्ति संगीत के साथ दस मिनट तक योगाभ्यास करवाया गया।
मेडिकल बिलों और स्वास्थ्य केंद्र की समस्याएं उठीं

बैठक को पूर्व निदेशक एम.के. शर्मा, पूर्व मुख्य लेखा अधिकारी कुलदीप सिंह संधू, पूर्व अधीक्षण अभियंता जे.सी. मेहता, पूर्व सहायक कार्यकारी अभियंता एस.पी. गर्ग तथा पूर्व एसडीओ दयानंद सिंधड़ ने संबोधित किया। वक्ताओं ने निगम के स्वास्थ्य केंद्र, पेंशनरों के चिकित्सा बिलों, दैनिक दिनचर्या, खानपान, लंबित मांगों, पेंशनर सेवा केंद्र और एसोसिएशन की गतिविधियों पर विस्तार से चर्चा की।
एसोसिएशन के प्रधान राजन शर्मा ने आश्वासन दिया कि बैठक में सामने आई स्थानीय चिकित्सा बिलों और स्वास्थ्य केंद्र से संबंधित समस्याओं को लेकर जल्द संबंधित अधिकारियों से बातचीत की जाएगी। उन्होंने कहा कि प्रदेश के विकास और बिजली व्यवस्था को मजबूत बनाने में योगदान देने वाले सेवानिवृत्त कर्मचारियों की मांगों पर सरकार को गंभीरता से ध्यान देना चाहिए। उनके अनुसार, मांगें लंबे समय से लंबित रहने के कारण पेंशनरों में प्रदेश सरकार और निगम प्रबंधन के प्रति आक्रोश है।
घोषणाओं से आगे बढ़कर सुविधा लागू करने की मांग

यूनिट सचिव बनवारी लाल शर्मा ने आरोप लगाया कि प्रदेश सरकार पिछले तीन वर्षों से कैशलेस चिकित्सा सुविधा का प्रचार कर रही है, लेकिन बिजली पेंशनरों के लिए यह सुविधा अभी तक धरातल पर लागू नहीं हुई है। उन्होंने कहा कि वृद्धावस्था में इलाज की बढ़ती जरूरत को देखते हुए इसका प्रभावी क्रियान्वयन प्राथमिकता के आधार पर होना चाहिए।
शर्मा ने पारिवारिक पेंशन प्राप्त करने वालों को भी अन्य पेंशनरों की तरह अवकाश यात्रा रियायत (एलटीसी) देने की मांग उठाई। उन्होंने कहा कि 80 वर्ष की उम्र में मिलने वाली 20 प्रतिशत पेंशन बढ़ोतरी के साथ ही 65, 70 और 75 वर्ष की आयु पर पांच-पांच प्रतिशत की बढ़ोतरी भी दी जानी चाहिए।
बैठक में निगम के कार्यरत कर्मचारियों की तर्ज पर बिजली पेंशनरों को भी 80 यूनिट मुफ्त बिजली देने, संशोधित सुनिश्चित करियर प्रगति योजना (एसीपी) के लाभ प्रदान करने तथा पेंशनरों से संबंधित न्यायालयों के फैसलों को शीघ्र लागू करने की मांग की गई।
जन्मोत्सव पर पेंशनरों का सम्मान
बैठक के दौरान अक्टूबर माह में जन्मदिन वाले पेंशनरों का सामूहिक रूप से सम्मान किया गया। उन्हें पदक स्वरूप लॉकेट और पटका पहनाकर तथा स्मृति चिह्न भेंट कर ‘पेंशनर्स रत्न अवॉर्ड–2026’ प्रदान किया गया। उपस्थित सदस्यों ने उन्हें जन्मदिन की शुभकामनाएं दीं।
बैठक में डी.के. गोयल, आर.एल. गोयल, मेहर चंद शर्मा, दर्शन यादव, ताराचंद गुप्ता, राम मेहर, ए.सी. बत्रा, किशन चंद, सुरेंद्र सिंह देशवाल, करण सिंह, विजय कुमार मेहता, रूप नारायण, श्याम लाल, रामधन, सत्य प्रकाश, श्याम सिंह, भीम शंकर, सुंदर दास, लालचंद यादव, हरिश्चंद्र, आदर्श कुमार शर्मा, जगदीश प्रसाद माथुर, शिशुपाल सिंह सैनी, सुरेंद्र पाल, रामू, ओमप्रकाश सोलंकी, विजेंद्र चिल्लर, राजेंद्र प्रसाद, चंद्रपाल शर्मा, श्याम सिंह बादशाहपुर, हीरालाल, दर्शन सिंह, रतन सिंह, मेहर चंद, राजेंद्र कुमार हर्ष, भूषण कुमार, नरेंद्र कुमार, प्रेम प्रकाश, राम करण, राज सिंह, शिवलाल गुप्ता, प्रेम बहादुर, रामू राम और हरिचंद सहित बड़ी संख्या में पेंशनरों ने भाग लिया। महिला पेंशनरों में पन्ना देवी, शांता देवी और महेंद्री भी उपस्थित रहीं।
बैठक का समापन इंजीनियर जे.सी. मेहता के अध्यक्षीय संबोधन और सामूहिक जलपान के साथ हुआ।







