: ओबीसी मोर्चा संगठन की ताकत को बूथ तक पहुंचाए, 42 विधानसभा और 5 लोकसभा सीटों पर मजबूती का संकल्प लें : डॉ. अर्चना गुप्ता
जनप्रतिनिधियों और कार्यकर्ताओं को संगठन से जोड़ने का आह्वान

पंचकूला, 22 सितंबर। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि भाजपा में दायित्व पद नहीं, बल्कि जनसेवा और संगठन के प्रति जिम्मेदारी है। भाजपा की 46 वर्षों की यात्रा करोड़ों कार्यकर्ताओं की तपस्या और राष्ट्रसेवा के संकल्प का परिणाम है। डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी से लेकर अटल बिहारी वाजपेयी और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तक राष्ट्रसेवा की यह विचारधारा निरंतर आगे बढ़ी है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सार्वजनिक जीवन में सेवा और सुशासन के 25 वर्षों को जन-जन तक पहुंचाने का आह्वान किया।
मंगलवार को भाजपा प्रदेश कार्यालय पंचकमल में भाजपा पिछड़ा वर्ग मोर्चा के नवनियुक्त प्रदेश अध्यक्ष इंजीनियर सुनील सेन के दायित्व ग्रहण कार्यक्रम में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे, जबकि कार्यक्रम की अध्यक्षता भाजपा प्रदेशाध्यक्ष डॉ. अर्चना गुप्ता ने की। मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और भाजपा प्रदेशाध्यक्ष डॉ. अर्चना गुप्ता ने कार्यकर्ताओं को संगठन विस्तार और ओबीसी समाज की भागीदारी बढ़ाने का मंत्र दिया।
इंजीनियर सुनील सेन को नई जिम्मेदारी के लिए शुभकामनाएं देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि पिछड़ा वर्ग मोर्चा समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचे और संगठन को बूथ स्तर तक मजबूत करने की दिशा में काम करे। उन्होंने कहा कि 7 अक्टूबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की शासन के माध्यम से जनसेवा और राष्ट्रसेवा की यात्रा के 25 वर्ष पूरे हो रहे हैं। मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री के रूप में उनका यह कार्यकाल सेवा, सुशासन, संकल्प और राष्ट्रनिर्माण का प्रेरणादायी अध्याय रहा है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री ने सत्ता को सुख का साधन नहीं, बल्कि सेवा का माध्यम बनाया है।

मुख्यमंत्री ने कार्यकर्ताओं से 17 सितंबर से 17 अक्टूबर तक चल रहे ‘सेवा संकल्प अभियान’ में पूरी सक्रियता के साथ भाग लेने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं और विकास कार्यों का लाभ अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक पहुंचाना संगठन और सरकार दोनों की जिम्मेदारी है।
भाजपा प्रदेशाध्यक्ष डॉ. अर्चना गुप्ता ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ओबीसी समाज से आते हैं, इसलिए संगठन में इस समाज की भूमिका और जिम्मेदारी और अधिक महत्वपूर्ण हो जाती है। उन्होंने ‘जहां कम, वहां हम’ के संकल्प के साथ ओबीसी मोर्चे से हर विधानसभा और हर क्षेत्र में संगठन को मजबूत करने का आह्वान किया।
डॉ. गुप्ता ने कहा कि प्रदेश की जिन 42 विधानसभा सीटों और 5 लोकसभा सीटों पर भाजपा को पिछली बार सफलता नहीं मिली, वहां ओबीसी मोर्चा विशेष रूप से संगठनात्मक मजबूती के लिए काम करे। उन्होंने बूथ स्तर तक ओबीसी समाज के कार्यकर्ताओं के साथ पंचों, सरपंचों, पार्षदों और अन्य जनप्रतिनिधियों को मोर्चे से जोड़ने पर जोर दिया।
भाजपा प्रदेशाध्यक्ष ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में राष्ट्रीय पिछड़ा वर्ग आयोग को संवैधानिक दर्जा मिला और अखिल भारतीय कोटे की स्नातक एवं स्नातकोत्तर मेडिकल तथा डेंटल सीटों में ओबीसी वर्ग के लिए 27 प्रतिशत आरक्षण का प्रावधान लागू हुआ। उन्होंने प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना का उल्लेख करते हुए कहा कि पारंपरिक कारीगरों को प्रशिक्षण, आधुनिक औजार, ऋण और बाजार से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण कार्य किया गया है।
डॉ. गुप्ता ने कहा कि कुम्हार, बढ़ई, लोहार, नाई, सुनार तथा अन्य पारंपरिक व्यवसायों से जुड़े समाजों का हुनर भारत की सांस्कृतिक विरासत है। पानीपत के गढ़ी शरनाई के कुम्हारों का उदाहरण देते हुए उन्होंने कहा कि आधुनिक तकनीक, प्रशिक्षण और बेहतर बाजार व्यवस्था के माध्यम से पारंपरिक हुनर को देश-विदेश के बाजारों तक पहुंचाकर रोजगार और आय दोनों को बढ़ाया जा सकता है।
इस अवसर पर पूर्व प्रदेशाध्यक्ष एवं चेयरमैन मोहनलाल बड़ौली, सांसद धर्मबीर सिंह, कैबिनेट मंत्री कृष्णलाल पंवार, कैबिनेट मंत्री रणबीर गंगवा, विधायक विनोद भ्याना, सुनील सांगवान, तेजपाल तंवर, पूर्व मंत्री मनीष ग्रोवर, प्रदेश महामंत्री संगठन फणीन्द्रनाथ शर्मा, गोपाल शर्मा, वेद फुल्ला, सत्यप्रकाश जरावता, प्रदेश मंत्री मदन चौहान, विभिन्न मोर्चों के प्रदेशाध्यक्ष, संगठन पदाधिकारी एवं बड़ी संख्या में कार्यकर्ता उपस्थित रहे।








