ड्रेनेज सुदृढ़ीकरण वाले प्रमुख स्थानों पर लंबे समय तक पानी नहीं ठहरा, यातायात भी रहा सुचारु
संवेदनशील क्षेत्रों में जीएमडीए की टीमें लगातार रहीं तैनात, आवश्यकता अनुसार तुरंत किए गए राहत कार्य

गुरुग्राम, 7 जुलाई। गुरुग्राम महानगर विकास प्राधिकरण (जीएमडीए) द्वारा हाल के महीनों में विभिन्न स्थानों पर किए गए स्टॉर्म वाटर ड्रेनेज सुदृढ़ीकरण एवं बाढ़ शमन कार्यों का सकारात्मक प्रभाव मंगलवार को हुई भारी वर्षा के दौरान देखने को मिला। शहर के कई प्रमुख चौराहों एवं मार्गों पर बरसाती पानी की तेज निकासी हुई, जिससे लंबे समय तक जलभराव की स्थिति नहीं बनी और यातायात भी शीघ्र सामान्य हो गया।
जीएमडीए के प्रवक्ता ने बताया कि एआईटी चौक, सुभाष चौक, धनवापुर क्षेत्र, सेंट ज़ेवियर्स जंक्शन, ताऊ देवीलाल स्टेडियम, मेदांता रोड, घाटा से वाटिका चौक तक एसपीआर कॉरिडोर तथा वाटिका चौक से एनएच-48 तक के मार्ग पर हाल ही में किए गए ड्रेनेज सुधार कार्य वर्षा के दौरान प्रभावी साबित हुए। इन स्थानों पर वर्षा जल की शीघ्र निकासी हुई तथा यातायात सामान्य रूप से संचालित होता रहा।

उन्होंने बताया कि एआईटी चौक पर जीएमडीए द्वारा विकसित नए स्टॉर्म वाटर ड्रेन एवं सतही जल निकासी चैनलों से बरसाती पानी को प्रभावी ढंग से क्रीक नंबर-4 की ओर प्रवाहित किया जा सका , जिससे चौराहे से पानी की तेजी से निकासी सुनिश्चित हुई। इसी प्रकार, हाल ही में शुरू की गई 4.3 किलोमीटर लंबी लेग-4 स्टॉर्म वाटर ड्रेन के माध्यम से टूलिप चौक क्षेत्र से वर्षा जल की निकासी होने से इस कॉरिडोर पर जलभराव नही हुआ ।
प्रवक्ता ने बताया कि सेंट ज़ेवियर्स जंक्शन, जहां पहले भारी वर्षा के दौरान जलभराव की समस्या बनी रहती थी, वहां किए गए ड्रेनेज सुदृढ़ीकरण कार्यों के कारण बरसाती पानी की निकासी तेजी से संभव हुई और बरसात के दौरान यातायात आवागमन सुचारू रहा ।

उन्होंने आगे बताया कि ताऊ देवीलाल स्टेडियम के निकट जीएमडीए द्वारा निर्मित नए स्टॉर्म वाटर ड्रेन को मौजूदा सतही जल निकासी नेटवर्क से जोड़ने का भी सकारात्मक परिणाम मिला। इसके कारण मेदांता रोड तथा राजीव चौक से सोहना एक्सप्रेस-वे की ओर जाने वाली स्लिप रोड पर जलभराव की स्थिति उत्पन्न नहीं हुई।
इसी प्रकार, सुभाष चौक पर हाल ही में कराई गई ड्रेनों की डी-सिल्टिंग तथा नई रोड गली बनाने से वर्षा जल की निकासी में उल्लेखनीय सुधार हुआ और चौराहे पर पानी नहीं ठहरा। वहीं हीरो होंडा चौक से उमंग भारद्वाज चौक के बीच विकसित क्रॉस-ड्रेनेज कनेक्शनों के माध्यम से सतही वर्षा जल को मास्टर स्टॉर्म वाटर ड्रेनेज नेटवर्क में तेजी से प्रवाहित किया गया, जिससे इस मार्ग पर भी राहत देखने को मिली।
हालांकि, शीतला माता रोड तथा मेफील्ड गार्डन–सीसपाल विहार मार्ग पर कुछ समय के लिए जलभराव की स्थिति बनी, जहां जीएमडीए की इंजीनियरिंग टीमों ने तत्काल पहुंचकर राहत कार्य किए और स्थिति को सामान्य किया। प्रवक्ता ने बताया कि इन दोनों स्थानों का विस्तृत तकनीकी निरीक्षण किया जाएगा कि पानी रुकने की वजह क्या रही तथा आगामी वर्षा से पहले उन कमियों को दूर किया जाएगा ।
जीएमडीए प्रवक्ता ने बताया कि मानसून अवधि के दौरान उसके अधिकारी एवं इंजीनियरिंग टीमें संवेदनशील स्थानों पर लगातार निगरानी बनाए हुए हैं। आवश्यकता पड़ने पर तुरंत राहत कार्य किए जा रहे हैं ताकि वर्षा जल की प्रभावी निकासी सुनिश्चित हो तथा शहर में यातायात सुचारु रूप से संचालित होता रहे।








