नगर निगम गुरुग्राम की टीम ने हटाया अतिक्रमण, जलाशयों के संरक्षण और सरकारी भूमि की सुरक्षा को लेकर सख्त रुख

गुरुग्राम, 3 जुलाई। नगर निगम गुरुग्राम द्वारा प्राकृतिक जल स्रोतों, तालाबों एवं सार्वजनिक भूमि को अतिक्रमण मुक्त कराने की दिशा में लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी कड़ी में निगम की टीम ने तिघरा तालाब क्षेत्र में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की। यह कार्रवाई सहायक अभियंता हरिप्रकाश पवन कुमार तथा कनिष्ठ अभियंता प्रियदीप सोनी की मौजूदगी में इंफोर्समेंट व हॉर्टिकल्चर टीम द्वारा की गई।
अभियान के दौरान संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने मौके की स्थिति का निरीक्षण किया तथा तालाब की भूमि को अतिक्रमण से सुरक्षित रखने के लिए आवश्यक कार्रवाई की। अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि तालाबों एवं अन्य जल निकायों पर किसी भी प्रकार का अतिक्रमण न केवल जल संरक्षण के प्रयासों को प्रभावित करता है, बल्कि बरसाती पानी के प्राकृतिक प्रवाह एवं भूजल पुनर्भरण में भी बाधा उत्पन्न करता है।

निगमायुक्त प्रदीप दहिया ने कहा कि नगर निगम गुरुग्राम द्वारा शहर के तालाबों एवं अन्य जल निकायों के संरक्षण और पुनर्जीवन की दिशा में कार्य किया जा रहा है। तालाबों की भूमि को अतिक्रमण मुक्त रखना इस दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। तिघरा तालाब क्षेत्र में की गई कार्रवाई का उद्देश्य जल निकाय की मूल भूमि की सुरक्षा सुनिश्चित करना तथा भविष्य में अतिक्रमण की संभावनाओं को रोकना है।
निगमायुक्त ने स्पष्ट किया है कि सार्वजनिक भूमि, तालाबों, नालों एवं अन्य जल निकायों पर अवैध कब्जे या अतिक्रमण को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। ऐसे मामलों की पहचान कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी तथा अतिक्रमण हटाने के अभियान आगे भी जारी रहेंगे।
उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे तालाबों, नालों एवं अन्य प्राकृतिक जल स्रोतों के संरक्षण में सहयोग करें। जल निकायों पर किसी भी प्रकार के अतिक्रमण या अवैध गतिविधि की जानकारी संबंधित अधिकारियों को दें। स्वच्छ, सुरक्षित और पर्यावरण-अनुकूल गुरुग्राम के निर्माण के लिए प्राकृतिक जल स्रोतों का संरक्षण हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।








