अमृत योजना के कार्यों में अव्यवस्था से सिरसा शहर बेहाल, मुख्यमंत्री से तत्काल हस्तक्षेप की मांग : कुमारी सैलजा

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चंडीगढ़/सिरसा, 3 जुलाई। सिरसा लोकसभा क्षेत्र की सांसद, पूर्व केंद्रीय कैबिनेट मंत्री, अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की महासचिव एवं कांग्रेस कार्यसमिति (सीडब्ल्यूसी.) की सदस्य कुमारी सैलजा ने कहा है कि सिरसा शहर में अमृत योजना तथा अन्य भूमिगत परियोजनाओं के नाम पर जिस प्रकार बिना समन्वय के सड़कें खोदी जा रही हैं, उससे पूरा शहर भारी अव्यवस्था, धूल, जाम और दुर्घटनाओं के खतरे से जूझ रहा है। उन्होंने कहा कि उन्होंने सितंबर 2025 में भी इस गंभीर विषय को लेकर हरियाणा के मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर आधुनिक ट्रेंचलेस तकनीक अपनाने का आग्रह किया था, लेकिन सरकार ने समय रहते इस सुझाव पर ध्यान नहीं दिया, जिसके कारण आज शहरवासियों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

सांसद ने सीएम नायब सैनी को पत्र लिखा

सीएम नायब सैनी को पत्र में कुमारी सैलजा ने कहा कि वर्तमान में अमृत योजना के अंतर्गत स्टॉर्म वॉटर ड्रेनेज, सीवर लाइन, गैस पाइपलाइन और पेयजल पाइपलाइन सहित अनेक कार्य एक साथ चल रहे हैं। प्रमुख बाजारों और सड़कों की बार-बार खुदाई से व्यापार प्रभावित हो रहा है, आमजन का आवागमन कठिन हो गया है तथा शहर की सुंदरता भी प्रभावित हुई है। उन्होंने कहा कि यदि सरकार ने उनके सुझाव को गंभीरता से लिया होता तो आज करोड़ों रुपये की सार्वजनिक संपत्ति को बार-बार नुकसान नहीं पहुंचता और नागरिकों को इस प्रकार की परेशानियां नहीं झेलनी पड़तीं।

सांसद ने पत्र में लिखा है कि देश और विदेश के अनेक शहरों में होरिजॉन्टल डायरेक्शनल ड्रिलिंग (एचडीडी), माइक्रो टनलिंग तथा ऑगर बोरिंग जैसी आधुनिक ट्रेंचलेस तकनीकों का सफलतापूर्वक उपयोग किया जा रहा है, जिनसे बिना सड़कें तोड़े भूमिगत पाइपलाइन बिछाई जाती हैं। दिल्ली मेट्रो सहित अनेक बड़ी परियोजनाओं में भी इन तकनीकों का उपयोग हुआ है। हरियाणा सरकार को भी ऐसी वैज्ञानिक एवं आधुनिक तकनीकों को अनिवार्य रूप से अपनाना चाहिए, ताकि जनता को राहत मिले और सरकारी धन की भी बचत हो सके।

कुमारी सैलजा ने कहा कि हाल के दिनों में रोडी बाजार सहित कई क्षेत्रों में निर्माण कार्य अधूरा छोड़ दिए जाने से व्यापारियों और स्थानीय नागरिकों में भारी रोष है। बरसात के मौसम में खुले गड्ढे दुर्घटनाओं का कारण बन रहे हैं तथा बाजारों में कारोबार प्रभावित हो रहा है। यह स्थिति प्रशासनिक समन्वय की कमी और विकास कार्यों की खराब योजना का परिणाम है। सांसद ने कहा कि विकास कार्यों का उद्देश्य जनता को सुविधा देना होता है, न कि उन्हें महीनों तक परेशानी में डालना।

कुमारी सैलजा ने मुख्यमंत्री से मांग की कि सिरसा में चल रहे सभी निर्माण कार्यों की उच्चस्तरीय समीक्षा कराई जाए, संबंधित विभागों के बीच प्रभावी समन्वय स्थापित किया जाए, अधूरे कार्यों को समयबद्ध ढंग से पूरा कराया जाए तथा भविष्य में अमृत योजना सहित सभी भूमिगत परियोजनाओं में ट्रेंचलेस तकनीक को प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों में गुणवत्ता, पारदर्शिता और आधुनिक तकनीक का समावेश ही जनता को वास्तविक राहत दे सकता है और सिरसा जैसे शहरों को अनावश्यक अव्यवस्था से बचाया जा सकता है।

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Author: Bharat Sarathi

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