महापुरुषों के आदर्शों पर चलकर ही समाज को नई दिशा दी जा सकती है : मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी

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चंडीगढ़ 24 जून हरियाणा के मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी ने कहा कि संत-महापुरुषों का जीवन समाज के लिए प्रेरणा का स्रोत होता है और उनके बताए मार्ग पर चलकर ही मानवता, सेवा, भाईचारे और आध्यात्मिक मूल्यों को मजबूत किया जा सकता है।

मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी बुधवार को गुरुद्वारा श्री गुफासर साहिब रोडेवाल पटियाला, पंजाब में आयोजित धार्मिक समागम के अवसर पर साध संगत को संबोधित कर रहे थे। यह समागम बाबा पूरन दास जी महाराज की 60वीं पुण्यतिथि तथा संत बाबा बलवंत सिंह जी (सिहोड़े वाले) की 12वीं पुण्यतिथि को समर्पित था।

मुख्यमंत्री ने संत बाबा बलवंत सिंह और बाबा पूरन दास जी महाराज को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि उन्होंने अपना संपूर्ण जीवन धर्म, तपस्या, लोककल्याण और मानव सेवा को समर्पित किया। जल संकट से जूझ रहे क्षेत्रों में कुओं का निर्माण करवाना, शिक्षा के प्रसार के लिए विद्यालय स्थापित करवाना तथा गुरुद्वारों का निर्माण कराना उनके समाज सुधारक व्यक्तित्व का प्रमाण है।

उन्होंने कहा कि संत बाबा बलवंत सिंह जी ने अपने गुरु की महान परंपरा को आगे बढ़ाते हुए मानवता की सेवा, आध्यात्मिक जागृति और शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय योगदान दिया। उन्होंने युवाओं को धर्म और नैतिक मूल्यों से जोड़ने का कार्य किया तथा शिक्षा संस्थानों की स्थापना में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आज पंजाब जो कभी पूरे देश का अन्नदाता और विकास का इंजन कहलाता था, आज वह अपनी दिशा भटक गया है। जिस पंजाब ने देश को खिलाड़ी दिए, फौजी दिए और दुनिया के कोने-कोने में नाम कमाने वाले उद्योगपति दिए, वह आज नशे के जाल में फसता जा रहा है। जिस पंजाब की मिट्टी से क्रांति की महक आती थी आज वहां के युवाओं की आंखों में भविष्य को लेकर अनिश्चितता है

मुख्यमंत्री ने कहा कि आज समाज अनेक चुनौतियों का सामना कर रहा है। नशाखोरी, सामाजिक बुराइयों और हिंसा जैसी प्रवृत्तियों से युवाओं को बचाने के लिए संतों के आदर्शों को अपनाना समय की आवश्यकता है। उन्होंने युवाओं का आह्वान किया कि वे आधुनिक शिक्षा के साथ-साथ नैतिक एवं आध्यात्मिक मूल्यों को भी अपने जीवन का हिस्सा बनाएं।

उन्होंने कहा कि पंजाब और हरियाणा की धरती संतों, गुरुओं और वीरों की भूमि रही है। यह भी हमारी सामूहिक जिम्मेदारी है कि हम समाज में भाईचारे, सद्भाव और सेवा की भावना को मजबूत करें तथा आने वाली पीढ़ियों को महापुरुषों की शिक्षाओं से परिचित कराएं।

मुख्यमंत्री ने गुरुद्वारा श्री गुफासर साहिब की प्रबंधन समिति तथा संत गुरचरण दास जी द्वारा संचालित सेवा, लंगर और सामाजिक कल्याण गतिविधियों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे प्रयास समाज में एकता और मानवता की भावना को मजबूत करते हैं।

इस अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु, संत-महात्मा, जनप्रतिनिधि एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।

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Author: Bharat Sarathi

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