महिला एवं बाल विकास विभाग ने जारी किया नियुक्ति आदेश, राज्यपाल की मंजूरी के बाद मिली जिम्मेदारी

चंडीगढ़, 12 जून। हरियाणा सरकार ने महिला सशक्तिकरण और महिला अधिकारों की रक्षा के लिए कार्यरत हरियाणा राज्य महिला आयोग को नया नेतृत्व देते हुए गुरुग्राम की उषा प्रियदर्शनी को आयोग का अध्यक्ष नियुक्त किया है। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा जारी आधिकारिक आदेश के अनुसार राज्यपाल ने हरियाणा राज्य महिला आयोग अधिनियम, 2012 की धारा 3(2)(ए) के तहत यह नियुक्ति की है।
महिला एवं बाल विकास विभाग के आयुक्त एवं सचिव शेखर विद्यार्थी द्वारा 10 जून 2026 को जारी आदेश में कहा गया है कि उषा प्रियदर्शनी की नियुक्ति तत्काल प्रभाव से लागू होगी। उनकी नियुक्ति की शर्तें एवं नियम मुख्य सचिव कार्यालय द्वारा जारी दिशा-निर्देशों के अनुरूप होंगे।
उषा प्रियदर्शनी लंबे समय से सामाजिक और राजनीतिक गतिविधियों में सक्रिय रही हैं। महिला मुद्दों पर उनकी सक्रियता और संगठनात्मक अनुभव को देखते हुए सरकार ने उन्हें यह महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी है। उनकी नियुक्ति को महिला आयोग की कार्यप्रणाली को और अधिक प्रभावी बनाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है।
हरियाणा राज्य महिला आयोग महिलाओं के अधिकारों की सुरक्षा, घरेलू हिंसा, दहेज उत्पीड़न, कार्यस्थल पर लैंगिक भेदभाव तथा महिला सम्मान से जुड़े मामलों में हस्तक्षेप करने वाली प्रमुख संवैधानिक संस्था है। आयोग महिलाओं की शिकायतों की सुनवाई कर संबंधित विभागों को आवश्यक कार्रवाई के लिए निर्देश एवं सिफारिशें भी देता है।
उषा प्रियदर्शनी की नियुक्ति ऐसे समय में हुई है जब राज्य में महिलाओं की सुरक्षा, साइबर अपराध, घरेलू हिंसा और सामाजिक न्याय से जुड़े मुद्दे लगातार चर्चा में हैं। ऐसे में महिला आयोग की नई अध्यक्ष के रूप में उनके सामने महिलाओं की समस्याओं के त्वरित समाधान और आयोग की पहुंच को जमीनी स्तर तक मजबूत बनाने की चुनौती रहेगी।
सरकारी आदेश की प्रतियां मुख्य सचिव, पुलिस महानिदेशक, सभी प्रशासनिक सचिवों, उपायुक्तों, विश्वविद्यालयों के कुलसचिवों तथा अन्य संबंधित विभागों को भेज दी गई हैं, जिससे नियुक्ति की औपचारिक प्रक्रिया पूरी हो सके।








