हरियाणा की मंडियों में किसानों की दुर्दशा भाजपा सरकार की विफलता का प्रमाण: कुमारी सैलजा

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बारिश, धूल और गंदगी के बीच किसानों की मेहनत हो रही है खराब, पेमेंट भी अटकाई जा रही है कहा- हमेशा किसानों के अधिकारों और सम्मान की लड़ाई लड़ती रही है कांग्रेस

चंडीगढ़ 14 मई। सिरसा की सांसद, पूर्व केंद्रीय मंत्री, अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की महासचिव एवं सीडब्ल्यूसी सदस्य कुमारी सैलजा ने हरियाणा की अनाजमंडियों में किसानों को हो रही भारी परेशानियों पर भाजपा सरकार को आड़े हाथों लेते हुए कहा है कि प्रदेश की मंडियों में फैली अव्यवस्था सरकार की किसान विरोधी सोच को उजागर कर रही है। उन्होंने कहा कि किसान पिछले एक महीने से अपनी गेहूं की फसल की तुलाई का इंतजार कर रहे हैं, लेकिन सरकार और प्रशासन की लापरवाही के कारण हजारों क्विंटल गेहूं खुले में पड़ा हुआ है। बारिश, धूल और गंदगी के बीच किसानों की मेहनत खराब हो रही है और उनकी पेमेंट भी अटकाई जा रही है।

कुमारी सैलजा ने कहा कि भाजपा सरकार हर बार किसानों से बड़े-बड़े वादे करती है, लेकिन जमीन पर सच्चाई बिल्कुल अलग दिखाई देती है। मंडियों में न तो फसल उठान की उचित व्यवस्था है, न ही किसानों को समय पर भुगतान मिल रहा है। हालत यह है कि किसानों को दिन-रात अपनी फसल की रखवाली करनी पड़ रही है। उन्होंने कहा कि अब गेहूं में कचरा मिलाकर सरकारी स्टॉक भरने जैसे गंभीर आरोप भी सामने आ रहे हैं, जो बेहद चिंताजनक हैं और पूरे खरीद तंत्र पर सवाल खड़े करते हैं। सांसद ने कहा कि अन्नदाता को सम्मान देने का दावा करने वाली भाजपा सरकार ने किसानों को अपमान और बदइंतज़ामी के बीच छोड़ दिया है। किसानों की मेहनत से पैदा हुआ अनाज खुले में खराब हो रहा है, लेकिन सरकार के जिम्मेदार अधिकारी केवल तमाशबीन बने हुए हैं। यह स्थिति प्रदेश के किसानों के साथ अन्याय है और कांग्रेस पार्टी इसे किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं करेगी।

कुमारी सैलाजा ने सरकार से मांग की कि मंडियों में गेहूं की तुरंत तुलाई और उठान सुनिश्चित किया जाए, किसानों की लंबित पेमेंट बिना देरी जारी की जाए तथा खरीद प्रक्रिया में सामने आ रही गड़बडियों की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी हमेशा किसानों के अधिकारों और सम्मान की लड़ाई लड़ती रही है और आगे भी किसानों की आवाज मजबूती से उठाती रहेगी।

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Author: Bharat Sarathi

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