नई दिल्ली, 18 जनवरी 2026। दिल्ली-NCR में वायु प्रदूषण एक बार फिर खतरनाक स्तर पर पहुंच गया है। लगातार बिगड़ती हवा की गुणवत्ता को देखते हुए वायु गुणवत्ता प्रबंधन आयोग (CAQM) ने ग्रेडेड रिस्पॉन्स एक्शन प्लान (GRAP) के तहत स्टेज-4 को पूरे दिल्ली-NCR में लागू कर दिया है। कई इलाकों में वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 400 के पार दर्ज किया गया, जिसे ‘गंभीर’ श्रेणी माना जाता है।
CAQM के अनुसार, मौसम की प्रतिकूल परिस्थितियों, कम हवा की गति और स्थानीय प्रदूषण स्रोतों के कारण हालात और बिगड़े हैं। लोगों के स्वास्थ्य पर पड़ रहे दुष्प्रभाव को देखते हुए सबसे सख्त प्रतिबंध लागू करने का फैसला लिया गया है।
GRAP-4 के तहत प्रमुख पाबंदियां
- निर्माण और तोड़फोड़ से जुड़े सभी गैर-जरूरी कार्यों पर पूर्ण रोक।
- डीजल से चलने वाले ट्रक और भारी वाहनों का दिल्ली-NCR में प्रवेश प्रतिबंधित, केवल आवश्यक सेवाओं को छूट।
- सरकारी और निजी कार्यालयों में वर्क-फ्रॉम-होम को बढ़ावा देने की सलाह।
- बीएस-3 पेट्रोल और बीएस-4 डीजल वाहनों पर रोक।
- खुले में कचरा जलाने, कोयला/लकड़ी के इस्तेमाल पर सख्ती।
स्कूल और नागरिकों के लिए निर्देश
प्रशासन ने बच्चों, बुजुर्गों और सांस संबंधी बीमारियों से ग्रस्त लोगों को घर में रहने की सलाह दी है। जरूरत न होने पर बाहर निकलने से बचने और मास्क के उपयोग की अपील की गई है। स्कूलों को स्थानीय परिस्थितियों के अनुसार ऑनलाइन कक्षाओं का विकल्प अपनाने की सलाह दी गई है।
कब तक रहेगा GRAP-4 लागू
अधिकारियों के अनुसार, जब तक AQI ‘गंभीर’ श्रेणी से नीचे नहीं आता, तब तक GRAP-4 के प्रतिबंध जारी रहेंगे। स्थिति में सुधार होने पर चरणबद्ध तरीके से पाबंदियों में ढील दी जाएगी।
प्रशासन की अपील
दिल्ली-NCR प्रशासन ने नागरिकों से सहयोग की अपील करते हुए कहा है कि प्रदूषण नियंत्रण के लिए नियमों का सख्ती से पालन करें, निजी वाहनों के बजाय सार्वजनिक परिवहन का उपयोग करें और किसी भी तरह की प्रदूषण फैलाने वाली गतिविधि से बचें।
कुल मिलाकर, बढ़ते वायु प्रदूषण ने एक बार फिर दिल्ली-NCR को स्वास्थ्य संकट की ओर धकेल दिया है। GRAP-4 के सख्त कदम हालात को काबू में लाने के लिए जरूरी बताए जा रहे हैं।







