*महाराणा प्रताप स्वर्ण जयंती पार्क में स्कूली विद्यार्थियों के लिए हुआ विशेष प्रसारण*
*डॉक्यूमेंट्री के माध्यम से विभाजन की त्रासदी और लोगों के संघर्ष से हुए रूबरू*

गुरुग्राम, 13 अगस्त- विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस के अवसर पर आयोजित होने वाले राज्य स्तरीय कार्यक्रम से पूर्व आज महाराणा प्रताप स्वर्ण जयंती पार्क (लेजर वैली) की पार्किंग में विभिन्न सरकारी विद्यालयों के विद्यार्थियों के लिए वर्ष 1947 के विभाजन पर आधारित संस्कृति मंत्रालय भारत सरकार द्वारा तैयार विशेष डॉक्यूमेंट्री का प्रसारण किया गया। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय वजीराबाद, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय कन्हई, राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सेक्टर-18 सरहौल तथा राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सुखराली के विद्यार्थियों ने डॉक्यूमेंट्री देखी और विभाजन के दौरान देशवासियों द्वारा झेली गई परिस्थितियों, विस्थापन, संघर्ष और पीड़ा को समझा।
डॉक्यूमेंट्री में वर्ष 1947 में देश के विभाजन के दौरान घटित घटनाओं और उस समय लाखों लोगों के विस्थापन को प्रभावी ढंग से दर्शाया गया। विद्यार्थियों को बताया गया कि विभाजन के दौरान अनेक परिवारों को अपना घर-बार छोड़कर कठिन परिस्थितियों में जीवन शुरू करना पड़ा तथा बड़ी संख्या में लोगों ने अपनों को खोया। डॉक्यूमेंट्री के माध्यम से विद्यार्थियों को इतिहास के इस संवेदनशील अध्याय से परिचित कराने के साथ-साथ उन लोगों के संघर्ष, साहस और धैर्य को भी समझने का अवसर मिला।

डॉक्यूमेंट्री देखने के बाद विद्यार्थियों ने इसे बेहद प्रभावशाली और ज्ञानवर्धक बताया। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सेक्टर-18 सरहौल की कक्षा 11वीं के विद्यार्थी अमन, राजकुमार और अर्नव ने कहा कि डॉक्यूमेंट्री के माध्यम से उन्हें विभाजन के बारे में ऐसी कई महत्वपूर्ण बातें जानने को मिलीं, जिनसे वे पहले पूरी तरह परिचित नहीं थे। उन्होंने कहा कि विभाजन के दौरान लोगों ने जिस पीड़ा और कठिनाइयों का सामना किया, उसे देखकर उन्हें इतिहास के इस दौर को बेहतर ढंग से समझने का अवसर मिला।
वहीं राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय सुखराली की कक्षा 9वीं की छात्राओं आरती, प्रियंका और अर्चना ने भी डॉक्यूमेंट्री की सराहना की। छात्राओं ने कहा कि डॉक्यूमेंट्री के माध्यम से उन्हें विभाजन के समय लोगों के संघर्ष और विस्थापन की वास्तविक परिस्थितियों को समझने का अवसर मिला। सुखराली विद्यालय की अध्यापिकाओं सुषमा, सुलेखा और अनु ने भी डॉक्यूमेंट्री के प्रसारण को विद्यार्थियों के लिए उपयोगी बताते हुए कहा कि इस प्रकार के कार्यक्रम नई पीढ़ी को इतिहास से जोड़ने और राष्ट्रीय एकता तथा सामाजिक सद्भाव की भावना को मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
विभाजन विभीषिका स्मृति दिवस का उद्देश्य किसी के प्रति आपसी द्वेष पैदा करना नहीं, बल्कि अतीत से सीख लेकर वर्तमान और आने वाली पीढ़ी को सामाजिक सद्भाव, आपसी भाईचारे, राष्ट्रीय एकता और देश की अखंडता के महत्व से परिचित कराना है। विद्यार्थियों को विभाजन के दौरान लोगों द्वारा दिखाई गई हिम्मत, धैर्य और संघर्ष की भावना से प्रेरणा लेने का संदेश दिया गया।








