₹5 हजार लेते वीडियो वायरल होने के बाद पार्टी की सख़्त कार्रवाई
जिलाध्यक्ष बोले— पार्टी की छवि से समझौता नहीं

पानीपत, 28 जनवरी 2026। हरियाणा के पानीपत में रिश्वत कांड में फंसे भारतीय जनता पार्टी (BJP) के जिला सचिव रविंद्र रावल को पार्टी ने पद से बर्खास्त कर दिया है। पानीपत जिलाध्यक्ष दुष्यंत भट्ट ने लेटर जारी कर रविंद्र रावल को पार्टी के सभी दायित्वों से मुक्त करने का आदेश दिया।
रविंद्र रावल का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था, जिसमें वह एक व्यक्ति से ₹5 हजार लेते हुए दिखाई दे रहे हैं। वीडियो सामने आने के बाद न केवल पार्टी के भीतर बल्कि विपक्षी दलों की ओर से भी भाजपा पर गंभीर सवाल उठाए जा रहे थे। इसी दबाव के बीच पार्टी नेतृत्व ने सख़्त रुख अपनाते हुए कार्रवाई की।
जिलाध्यक्ष का आदेश
जिलाध्यक्ष दुष्यंत भट्ट द्वारा जारी पत्र में कहा गया है— “शीर्ष नेतृत्व से विचार-विमर्श के उपरांत यह पाया गया कि रविंद्र रावल ने अपने पद का दुरुपयोग किया है और इससे पार्टी की छवि को नुकसान पहुंचा है। अतः उन्हें पार्टी के सभी दायित्वों से तत्काल प्रभाव से भारमुक्त किया जाता है।”
क्या है पूरा रिश्वत कांड?
बापौली–सनौली खुर्द क्षेत्र से जुड़ा मामला
पूरा मामला बापौली और सनौली खुर्द क्षेत्र की फैक्ट्रियों से निकलने वाले जहरीले केमिकल युक्त पानी से जुड़ा है। आरोप है कि फैक्ट्रियों का यह प्रदूषित पानी अवैध रूप से टैंकरों के जरिए ड्रेन नंबर-2 में छोड़ा जा रहा था।
नियमों के विरुद्ध इस अवैध गतिविधि को जारी रखने और कार्रवाई से बचाने के नाम पर कथित रूप से ‘सुविधा शुल्क’ की वसूली की जा रही थी।
₹5 हजार के लेन-देन का वीडियो वायरल
इस मामले में एक वीडियो सामने आया, जिसमें दावा किया गया कि भाजपा जिला सचिव रविंद्र रावल एक व्यक्ति से ₹5 हजार ले रहे हैं। वीडियो में हुई बातचीत को अवैध गतिविधियों को संरक्षण देने के बदले ली गई रिश्वत के तौर पर देखा गया, जिसके बाद मामला तूल पकड़ गया।
पुलिस तक पहुंची शिकायत, पैसे लौटाने का दावा
सूत्रों के मुताबिक वीडियो वायरल होने के बाद मामला पुलिस तक भी पहुंचा। बढ़ते कानूनी और राजनीतिक दबाव के बीच रविंद्र रावल ने कथित तौर पर ली गई रकम वापस लौटा दी, लेकिन तब तक मामला सार्वजनिक बहस और राजनीतिक विवाद का रूप ले चुका था।







