चंडीगढ़, 31 दिसंबर । नेता प्रतिपक्ष एवं पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने फरीदाबाद में एक महिला के हुई गैंगरेप की वारदात पर गहरा रोष जाहिर किया है। उन्होंने कहा कि महिला के साथ हुई यह वारदात अत्यंत शर्मनाक और निंदनीय है। इस वारदात ने पूरे देश व समाज को झकझोर कर रख दिया है। एकबार फिर साबित हुआ है कि हरियाणा में कानून व्यवस्था नाम की कोई चीज नहीं है। बीजेपी सरकार महिलाओं को सुरक्षा देने में पूरी तरह नाकाम है। खुद केंद्र सरकार द्वारा जारी सामाजिक प्रगति सूचकांक में बताया गया है कि हरियाणा देश का सबसे असुरक्षित राज्य है, फरीदाबाद की वारदात ने ये साबित कर दिया है।
कांग्रेस इस जघन्य अपराध के दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा देने की मांग करती। सजा ऐसी होनी चाहिए कि भविष्य में कोई इस तरह का घिनौना विचार मन में लाने की हिम्मत ना कर सके।
पत्रकारों के सवालों का जवाब देते हुए हुड्डा ने बताया कि कांग्रेस लगातार संगठन की मजबूती के लिए काम कर रही है। हरियाणा में जल्द ही संगठन में और कई महत्वपूर्ण नियुक्तियां की जाएंगी। हमारा लक्ष्य पार्टी को जमीनी स्तर तक मजबूत करना है ताकि जनता की आवाज को और प्रभावी ढंग से उठाया जा सके।
मनरेगा का नाम बदलने पर भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि नया नाम रखना और योजना में बदलाव करना, इसकी मूल भावना को समाप्त करने वाला प्रतीत होता है। यह गरीबों और मजदूरों के अधिकारों पर हमला है। कांग्रेस इस बदलाव का पुरजोर विरोध करती है और मनरेगा को उसके मूल स्वरूप में बहाल करने की मांग करती है।
अरावली पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले का स्वागत करते हुए उन्होंने कहा कि अरावली पूरे उत्तर भारत के लिए फेफड़ों का काम करती है। अवैध खनन से इससे छेड़छाड़ नहीं होनी चाहिए। लोगों के आंदोलन के बाद सुप्रीम कोर्ट को स्वतः संज्ञान लेना पड़ा और फैसला लेना पड़ा। अरावली की रक्षा करना हम सभी की जिम्मेदारी है। अवैध खनन पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए।









