प्रधानमंत्री, गृहमंत्री और मुख्यमंत्री झूठ दोहरा रहे हैं, एक भी ठोस आंकड़ा नहीं: ग्रामीण भारत
रेवाडी/चंडीगढ़ | 25 दिसंबर 2025 – स्वयंसेवी संस्था ग्रामीण भारत के अध्यक्ष वेदप्रकाश विद्रोही ने भाजपा सरकार पर किसानों को गुमराह करने का गंभीर आरोप लगाते हुए कहा है कि हरियाणा में 24 फसलों को न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर खरीदे जाने का दावा पूरी तरह झूठ और भ्रम फैलाने वाला है।
विद्रोही ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से लेकर केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह, मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी और हरियाणा भाजपा के तमाम नेता पिछले एक वर्ष से लगातार यह झूठ दोहरा रहे हैं कि प्रदेश में 24 फसलों की एमएसपी पर खरीद हो रही है, जबकि जमीनी हकीकत इससे कोसों दूर है।
उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री मोदी ने कुरुक्षेत्र दौरे के दौरान और हाल ही में पंचकूला में गृहमंत्री अमित शाह ने भी यही दावा दोहराया, लेकिन आज तक सरकार यह स्पष्ट नहीं कर पाई कि किस जिले में, किस किसान से, कौन-सी 24 फसलें और कितनी मात्रा में एमएसपी पर खरीदी गईं।
विद्रोही ने कहा, “मैं पिछले एक साल से मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी से सवाल कर रहा हूं कि 24 फसलों की एमएसपी खरीद का ब्यौरा सार्वजनिक करें—किस किसान को कितना भुगतान हुआ, कौन-सी फसल कहां खरीदी गई। लेकिन सरकार के पास कोई जवाब नहीं है।”
उन्होंने कटाक्ष करते हुए कहा कि यदि हरियाणा में किसानों से फसल नहीं खरीदी गई तो फिर यह खरीद आसमान में, मंगल ग्रह पर या चांद पर हुई क्या? क्या भाजपा सरकार एलियनों की फसलें एमएसपी पर खरीद रही है?
वेदप्रकाश विद्रोही ने आरोप लगाया कि बिना एक भी ठोस प्रमाण के 24 फसलों की एमएसपी खरीद का दावा करना भाजपा नेताओं की बेशर्मी और किसानों के साथ धोखे की पराकाष्ठा है। उन्होंने कहा कि यह सिर्फ झूठ नहीं, बल्कि प्रदेश के अन्नदाताओं को ठगने की संगठित कोशिश है।









