जनस्वास्थ्य नोडल विभाग के रूप में करेगा कार्य

चण्डीगढ़, 28 सितम्बर – हरियाणा के मुख्य सचिव श्री संजीव कौशल ने कहा कि सरकार द्वारा सफाई कर्मियों के पुनर्वास के लिए नेशनल एक्शन फॉर मैकेनाईजड सेनिटेशन इकोसिस्टम ’नमस्ते’ नामक महत्वाकांक्षी योजना शुरू गई है। इस योजना के सफल क्रियान्वयन के लिए जनस्वास्थ्य विभाग को नोडल विभाग बनाया गया है।        

मुख्य सचिव आज यहां  सफाई कर्मियों के पुनर्वास के लिए क्रियान्वयन योजना को लेकर आयोजित बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। बैठक में अतिरिक्त मुख्य सचिव श्री ए के सिंह, आयुक्त एवं सचिव श्री पंकज अग्रवाल, श्री विकास गुप्ता, विशेष सचिव श्री प्रभजोत सिंह, चीफ इंजीनियर राकेश कुमार सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।       

मुख्य सचिव ने कहा कि मशीनीकृत स्वच्छता पारिस्थितिकी तंत्र अपनाने के लिए ’’राष्ट्रीय कार्रवाई (नमस्ते) योजना की शुरुआत करना शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्र में स्वच्छता संरचना के संचालन और रखरखाव में प्रमुख योगदान देने वाले स्वच्छता कर्मियों की सुरक्षा सुनिश्चित करना इस योजना का मुख्य उद्देश्य है। 

स्व-रोजगार एवं कुशल रोजगार के अवसरों तक आसान पहुंच बनाने के लिए कारगर योजना       

मुख्य सचिव ने कहा कि इस योजना का लक्ष्य शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में सफाई कर्मचारियों को सुरक्षा एवं सम्मान सुनिश्चित करना तथा उनको स्थायी आजीविका प्रदान करना है। इसके साथ ही उनमें क्षमता निर्माण कर सुरक्षित उपकरण एवं मशीनों तक बेहतर पहुंच व उनकी व्यावसायिक सुरक्षा को बढ़ाना है। यह योजना उन्हें स्व-रोजगार एवं कुशल मजदूरी रोजगार के अवसरों तक आसान पहुंच बनानेे एवं स्वच्छता कार्य के अंतर को कम करने के लिए कारगर होगी।       

मुख्य सचिव ने कहा कि इस योजना से सीवरेज एवं सेप्टिक टैंक सफाई कर्मचारियों के पास वैकल्पिक आजीविका उपलब्ध होगी तथा स्वच्छता कार्यों में लगे हुए किसी भी कर्मी को जान नही गंवानी पड़ेगी। सभी स्वच्छता कार्य कुशल श्रमिकों द्वारा संचालित किए जाएगें तथा कोई भी सफाई कर्मचारी मानव मल के सीधे संपर्क में नही आएगा।

प्रोजेक्ट के लिए व्यक्ति 15 लाख एवं एसएचजी में 50 लाख का ऋण       

मुख्य सचिव ने कहा कि नमस्ते योजना में स्वच्छता कार्यकर्ताओं को स्वयं सहायता समूहों  एवं स्वच्छता संगठनों को संचालित करने का अधिकार दिया गया है। इससे स्वच्छता कार्यकर्ताओं के प्रति नागरिकों के व्यवहार में परिवर्तन आएगा एवं उनमें सुरक्षित स्वच्छता सेवाओं की मांग बढेगी। उन्होंने कहा कि नमस्ते योजना के तहत व्यक्ति स्तर पर सफाई से संबंधित प्रोजेक्ट पर 15 लाख रुपए के ऋण पर 5 लाख रुपए तथा स्वयं सहायता समूह के 50 लाख रुपए तक के ऋण प्रोजेक्ट पर 18.75 लाख रुपए की सब्सिडी प्रदान की जाएगी।        

मुख्य सचिव ने कहा कि सीवरेज व सेफ्टिक टैंक की सफाई के समय आने वाली समस्याओं को रोकने एवं सफाई कर्मियों को जागरूक के लिए कार्यशालाओं का आयोजन किया जाएगा। मैन्यूवल स्कवेंजिंग को रोकने के लिए सीवरेज एवं सेफ्टिक टैंक की सफाई करते समय सुरक्षित उपकरणों का उपयोग अनिवार्य किया गया है। इसके साथ ही समय समय पर सफाई करने वालों का सर्वे कर इस योजना के लिए चयन किया जाएगा।

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