इग्नू कौशल, रोजगार एवं गुणवत्तापूर्ण शिक्षा का सबसे बड़ा केंद्र : डॉ. धर्म पाल
इग्नू में लगभग 350 तरह के पाठ्यक्रम: डॉ धर्म पाल
करनाल, 01 जून 2026 – इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय (इग्नू), शिक्षा मंत्रालय, भारत सरकार द्वारा जुलाई 2026 प्रवेश सत्र के लिए विभिन्न शैक्षणिक कार्यक्रमों में प्रवेश प्रक्रिया प्रारम्भ कर दी गई है। इग्नू क्षेत्रीय केन्द्र करनाल के क्षेत्रीय निदेशक डॉ. धर्म पाल ने बताया कि इग्नू देश का सबसे बड़ा मुक्त एवं दूरस्थ शिक्षा विश्वविद्यालय है, जो गुणवत्तापूर्ण, लचीली एवं किफायती शिक्षा के माध्यम से लाखों विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा से जोड़ रहा है।
डॉ. धर्म पाल ने कहा कि वर्तमान समय में केवल डिग्री ही नहीं, बल्कि कौशल एवं रोजगारपरक शिक्षा की भी आवश्यकता है। इग्नू विद्यार्थियों को ज्ञान आधारित एवं कौशल आधारित शिक्षा प्रदान कर उन्हें रोजगार, स्वरोजगार तथा करियर उन्नति के अवसर उपलब्ध करा रहा है। इग्नू की शिक्षा प्रणाली विशेष रूप से उन विद्यार्थियों के लिए लाभकारी है जो नौकरी, व्यवसाय, पारिवारिक जिम्मेदारियों अथवा भौगोलिक दूरी के कारण नियमित शिक्षण संस्थानों में अध्ययन नहीं कर पाते।
उन्होंने बताया कि इग्नू की सबसे बड़ी विशेषता इसकी लचीली शिक्षण प्रणाली है, जिसमें स्व-अध्ययन सामग्री (Self Learning Material), ऑनलाइन अध्ययन सामग्री, शैक्षणिक परामर्श सत्र, ऑडियो-वीडियो व्याख्यान, टेली-कॉन्फ्रेंसिंग, ऑनलाइन कक्षाएं तथा डिजिटल शिक्षण संसाधनों के माध्यम से अध्ययन की सुविधा उपलब्ध कराई जाती है। विद्यार्थियों को अपनी गति एवं सुविधा के अनुसार अध्ययन करने की स्वतंत्रता प्राप्त होती है।
हाल ही में 12वीं कक्षा उत्तीर्ण करने वाले विद्यार्थियों के लिए इग्नू में अनेक आकर्षक कार्यक्रम उपलब्ध हैं। इनमें बैचलर ऑफ आर्ट्स (बीएजी), बैचलर ऑफ कॉमर्स (बीकॉम), बैचलर ऑफ साइंस (बीएससी), बैचलर ऑफ कंप्यूटर एप्लीकेशन (बीसीए), बैचलर ऑफ सोशल वर्क (बीएसडब्ल्यू), बैचलर ऑफ लाइब्रेरी एंड इन्फॉर्मेशन साइंस (बीलिस) तथा विभिन्न विषयों में ऑनर्स डिग्री कार्यक्रम प्रमुख हैं। इसके अतिरिक्त प्रबंधन, शिक्षा, पर्यटन, ग्रामीण विकास, पत्रकारिता, स्वास्थ्य, कंप्यूटर, पर्यावरण, योग, संस्कृत, उर्दू, उद्यमिता, साइबर सुरक्षा, नवीकरणीय ऊर्जा एवं भारतीय ज्ञान परंपरा जैसे क्षेत्रों में भी अनेक रोजगारोन्मुखी कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं।
डॉ. धर्म पाल ने बताया कि इग्नू लगभग 350 से अधिक प्रमाणपत्र, डिप्लोमा, स्नातक, स्नातकोत्तर एवं शोध कार्यक्रम संचालित कर रहा है। इन कार्यक्रमों का उद्देश्य विद्यार्थियों, नौकरीपेशा व्यक्तियों, महिलाओं, ग्रामीण युवाओं, दिव्यांगजनों, सामाजिक एवं आर्थिक रूप से वंचित वर्गों तथा दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले लोगों तक उच्च शिक्षा पहुंचाना है।
इग्नू में अध्ययन करने वाले विद्यार्थियों को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मान्यता प्राप्त डिग्री प्राप्त होती है। विश्वविद्यालय द्वारा विकसित डिजिटल प्लेटफॉर्म, ऑनलाइन सेवाएं, ई-लर्निंग संसाधन तथा देशभर में स्थापित अध्ययन केन्द्र विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक सहायता प्रदान करते हैं।
हरियाणा में इग्नू क्षेत्रीय केन्द्र करनाल के अंतर्गत विभिन्न जिलों में स्थापित अध्ययन केन्द्र विद्यार्थियों को प्रवेश, परामर्श, असाइनमेंट, परीक्षा तथा अन्य शैक्षणिक सेवाओं में सहयोग प्रदान करते हैं। इन अध्ययन केन्द्रों के माध्यम से विद्यार्थियों को अपने निकटतम स्थान पर सहायता उपलब्ध हो जाती है।
इच्छुक विद्यार्थी जुलाई 2026 प्रवेश सत्र के लिए विश्वविद्यालय की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध ऑनलाइन प्रवेश पोर्टल https://ignouadmission.samarth.edu.in/ के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं। विभिन्न कार्यक्रमों की पात्रता, अवधि, शुल्क, अध्ययन माध्यम एवं अन्य विस्तृत जानकारी विश्वविद्यालय की वेबसाइट पर उपलब्ध है।
डॉ. धर्म पाल ने विद्यार्थियों एवं अभिभावकों से अपील करते हुए कहा कि वे इग्नू द्वारा प्रदान की जा रही गुणवत्तापूर्ण, रोजगारपरक एवं किफायती शिक्षा का लाभ उठाएं तथा अपने उज्ज्वल भविष्य के निर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बढ़ाएं। इग्नू के विभिन्न पाठ्यक्रमों में दाखिलों की अंतिम तिथि 15 जुलाई है









