बाढ़, जलभराव और सेम प्रभावित क्षेत्रों के स्थायी समाधान व मुआवजे की मांग को लेकर 27 अप्रैल को राज्य स्तरीय जुटान

बरवाला, 25 अप्रैल 2026 – बाढ़, जलभराव और सेम की समस्या से जूझ रहे किसानों के मुद्दों को लेकर 27 अप्रैल को हिसार में होने वाले राज्य स्तरीय कन्वेंशन में बड़े आंदोलन की घोषणा की जाएगी। यह जानकारी अखिल भारतीय किसान सभा के जिला सचिव सरबत सिंह पूनिया ने दी।
अखिल भारतीय किसान सभा बरवाला-उकलाना तहसील कमेटी की संयुक्त बैठक किसान रेस्ट हाउस बरवाला में प्रधान फूल सिंह और सत्यवान रेढू की अध्यक्षता में आयोजित हुई। बैठक का संचालन सचिव प्रदीप बूरा ने किया। बैठक में रोहतास राजली, ओमप्रकाश खान बहादुर, श्रवण कुमार, बलराज सिंह, सतबीर बलोदा, मोहनलाल, जोगिंदर सिंह, भजनलाल बरवाला, भिरा श्योराण दौलतपुर और मनबीर मलिक सहित कई किसान नेता मौजूद रहे।
पूनिया ने कहा कि पिछले वर्ष अत्यधिक बारिश और प्रशासनिक लापरवाही के कारण हरियाणा के कई जिले बाढ़ की चपेट में आ गए थे। जल निकासी के समुचित प्रबंध न होने से किसानों की खड़ी फसलें और घरों को भारी नुकसान हुआ। उन्होंने आरोप लगाया कि हर साल आपदा राहत कोष और ड्रेनों की सफाई के लिए बजट जारी होता है, लेकिन भ्रष्टाचार के कारण जमीनी स्तर पर कार्य नहीं हो पाता, जिसका खामियाजा किसानों को भुगतना पड़ता है।
उन्होंने यह भी कहा कि प्रभावित किसानों को मुआवजा देने के सरकारी दावे खोखले साबित हुए हैं। खरीफ 2025 के फसल खराबे पर भी अनेक आपत्तियां लगाकर किसानों को राहत से वंचित किया गया है, जिससे किसान और मजदूर वर्ग के साथ अन्याय हुआ है।
बैठक में नेताओं ने बताया कि इन सभी मुद्दों को लेकर 27 अप्रैल को हिसार के जाट धर्मशाला में राज्य स्तरीय कन्वेंशन आयोजित किया जाएगा, जिसमें आगामी आंदोलन की रणनीति और रूपरेखा की घोषणा की जाएगी। उन्होंने कहा कि बरवाला-उकलाना क्षेत्र के किसान इस कन्वेंशन में बढ़-चढ़कर भाग लेंगे।








