बीजेपी गैर-हरियाणवियों को दे रही हैं प्रदेश की नौकरियां- हुड्डा

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हरियाणा में चल रही टूटी-फूटी बीजेपी की सरकार- हुड्डा

चंडीगढ़, 20 जनवरी । पूर्व मुख्यमंत्री और नेता प्रतिपक्ष भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा है कि बीजेपी बेरोजगार युवाओं के साथ धोखा कर रही है। 2 लाख पक्की नौकरियां देने और कौशन निगम के कर्मियों को पक्का करने का वादा करके सत्ता में आई बीजेपी लगातार हरियाणा की नौकरियां, गैर-हरियाणवियों में बांट रही है। बीजेपी 1 साल में एक भी बड़ी भर्ती नहीं कर पाई। और जो छोटी-मोटी इक्का-दुक्का भर्ती की, उनमें भी हरियाणा से ज्यादा बाहर के लोग भर्ती किए गए।

हर राज्य की सरकार ने ऐसी भर्ती प्रक्रिया और नियम बनाए हैं जिससे प्रदेश की नौकरियां मुख्य रूप से स्थानीय युवाओं को ही मिलें। जहां हिंदी के अलावा अलग राज्य भाषा है, वहां भाषा का पेपर अनिवार्य किया गया है, जैसे महाराष्ट्र में मराठी, तमिलनाडु में तमिल, पंजाब में पंजाबी।

हरियाणा की भाषा हिंदी होने के कारण यहां भाषा के आधार पर अलग पेपर नहीं हो सकता। लेकिन बीजेपी सरकार राजस्थान से सीख सकती है। राजस्थान की भाषा भी हिंदी है, इसलिए स्थानीय युवाओं को प्राथमिकता देने के लिए अलग प्रावधान किया गया है कि भर्ती परीक्षाओं में 30 से 40 प्रश्न राजस्थान GK के अनिवार्य रूप से पूछे जाते हैं।

लेकिन हरियाणा देश के 28 प्रदेशों में अकेला ऐसा प्रदेश है जहाँ पब्लिक सर्विस कमीशन का चेयरमैन ही बाहर से लाकर बनाया गया है।

हुड्डा अपने आवास पर पत्रकारों के सवालों का जवाब दे रहे थे। इस मौके पर बीजेपी के भीतर जारी अंदरूनी कलह पर बोलते हुए हुड्डा ने कहा कि हरियाणा में टूटी-फूटी बीजेपी राज कर रही है। उन्होंने अनिल विज का उदाहरण देते हुए कहा कि इस सरकार में बीजेपी के ही नेताओं की सुनवाई नहीं होती।

उन्होंने कुरुक्षेत्र में चल रहे कांग्रेस प्रशिक्षण शिविर के बारे में बताया। उन्होंने कहा कि कहा कि शिविर में जिलाध्यक्षों को कांग्रेस के इतिहास, नीति व विचारधारा के बारे में बताया जा रहा। कांग्रेस में जिला अध्यक्ष प्रतिष्ठा और गौरव का पद है। बहुत सारे राष्ट्रीय नेताओं और राज्य में नेताओं ने, जैसे सर चौ. छोटूराम, चौ. रणबीर सिंह, चौ. बंसीलाल जी, श्री बनारसी दास गुप्ता आदि ने इस पद को सुशोभित किया है।

इस परीक्षण में सबसे पहले आपको यह गर्व अनुभव और आत्मसात करना है कि आप भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के संघर्ष, त्याग और बलिदान की गौरवमयी विरासत के वारिस हैं। कांग्रेस सिर्फ एक पार्टी नहीं, बल्कि एक संस्कृति एवं आदर्श विचार है। भारत के स्वतंत्रता संग्राम का गौरवशाली इतिहास कांग्रेस के संघर्ष, बलिदान और त्याग की कहानी बताता है। ये दोनों अलग-अलग नहीं हैं।

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Author: Bharat Sarathi

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