सैनी सरकार के दो साल निराशाजनक : विद्रोही

👇समाचार सुनने के लिए यहां क्लिक करें

पूरे किए गए 71 चुनावी वादों की सूची सार्वजनिक करने की मांग

रेवाडी, 19 अक्टूबर 2026। स्वयंसेवी संस्था ग्रामीण भारत के अध्यक्ष वेदप्रकाश विद्रोही ने अक्टूबर 2024 के विधानसभा चुनाव के बाद मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के नेतृत्व वाली सरकार के दो वर्ष के कार्यकाल को निराशाजनक बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार के दावों और जमीनी हकीकत में अंतर है तथा इस अवधि में आमजन की आर्थिक स्थिति में अपेक्षित सुधार नहीं हुआ।

विद्रोही ने कहा कि मुख्यमंत्री विधानसभा चुनाव में किए गए 216 वादों में से 71 पूरे करने का दावा कर रहे हैं। उन्होंने सवाल किया कि सरकार ने कौन-से 71 वादे पूरे किए हैं और उनकी सूची सार्वजनिक क्यों नहीं की जा रही। उन्होंने मांग की कि सरकार प्रत्येक वादे पर हुए काम और उससे जनता को मिले लाभ का विवरण जारी करे।

विद्रोही ने आरोप लगाया कि जिन चुनावी वादों को पूरा बताया जा रहा है, उनमें भी कई अधूरे हैं और उनका व्यापक लाभ लोगों तक नहीं पहुंचा है। लाडो लक्ष्मी योजना का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि इसका जोरशोर से प्रचार किया जा रहा है, लेकिन उनके अनुसार इसे चुनावी वादे के अनुरूप पूरी तरह लागू नहीं किया गया। उन्होंने योजना में बदलाव और विस्तार की घोषणाओं को लेकर भी सरकार से स्थिति स्पष्ट करने की मांग की।

स्वास्थ्य और शिक्षा के मुद्दे पर विद्रोही ने कहा कि सरकार की उपलब्धियों के दावे धरातल पर दिखाई देने चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकारी शिक्षण संस्थानों और स्वास्थ्य सेवाओं की समस्याएं बनी हुई हैं, जबकि सरकार संबंधित वादे पूरे करने की बात कर रही है।

सरकारी भर्तियों पर सवाल उठाते हुए विद्रोही ने कहा कि बिना पर्ची-खर्ची नौकरी देने का सरकारी दावा मुख्यतः समूह ‘ग’ और ‘घ’ की भर्तियों तक सीमित नजर आता है। उन्होंने समूह ‘क’ और ‘ख’ की भर्तियों में कथित पक्षपात तथा हरियाणा के युवाओं की उपेक्षा का आरोप लगाया। कुछ भर्ती परिणामों में न्यायालय के हस्तक्षेप के बाद संशोधन होने का दावा करते हुए उन्होंने चयन प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सरकार से जवाब मांगा।

विद्रोही ने आरोप लगाया कि प्रदेश में बेरोजगारी, भ्रष्टाचार, कुप्रबंधन और आधारभूत सुविधाओं की समस्याएं बनी हुई हैं। उन्होंने कहा कि सरकार अपने दो वर्ष के कार्यकाल का मूल्यांकन प्रचार के बजाय रोजगार, शिक्षा, स्वास्थ्य और आमजन के जीवन में आए वास्तविक सुधार के आधार पर करे।

Bharat Sarathi
Author: Bharat Sarathi

और पढ़ें