चंडीगढ़, 23 अक्टूबर 2026 – कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं राज्यसभा सांसद रणदीप सिंह सुरजेवाला ने हरियाणा की नायब सैनी सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि हरियाणा में बिजली और पानी का भयंकर संकट छाया हुआ है। लोगों के इन्वर्टर फेल हो गए हैं, उद्योग-धंधे चौपट पड़े हैं और आम जनता रोजमर्रा की जरूरतों के लिए सड़कों पर आंदोलन कर रही है।
रणदीप सुरजेवाला ने कहा कि यह संकट इसलिए पैदा हुआ है क्योंकि बीजेपी की हरियाणा सरकार पूरे बिजली वितरण सिस्टम (पावर डिस्ट्रिब्यूशन सिस्टम) को गुपचुप तरीके से एक निजी कंपनी के मुनाफे के लिए सौंप रही है। शुरुआत मुनाफा कमाने वाले जिलों गुरुग्राम और नूंह से की जा रही है।
उन्होंने मुख्यमंत्री नायब सैनी से सवाल करते हुए कहा कि आप एक प्राइवेट कंपनी को पूरे हरियाणा का बिजली वितरण सिस्टम क्यों दे रहे हैं? HERC (हरियाणा इलेक्ट्रिसिटी रेगुलेटरी कमीशन) ने निजी कंपनी को लाइसेंस देने का आदेश दिया है। इस कमीशन की नियुक्ति आपने ही की है। इसके एक्टिंग चेयरमैन आपके ही नियुक्त व्यक्ति हैं और अन्य सदस्य भी बीजेपी द्वारा लगाए गए हैं। फिर भी आप मीटिंग पर मीटिंग करके कह रहे हैं कि हम इसके खिलाफ हैं। अगर आप सच में खिलाफ हैं तो सेक्शन 108 इलेक्ट्रिसिटी एक्ट के तहत तुरंत आदेश जारी क्यों नहीं करते कि निजी कंपनी को लाइसेंस न दिया जाए?
रणदीप सुरजेवाला ने भाजपा सरकार पर आरोप लगाया कि यह काम बिना टेंडर के किया गया है। उन्होंने कहा कि अंग्रेजी की कहावत है – ‘You show me the face, I will show you the rule’। नायब सैनी जी, आप किसका बेवकूफ बना रहे हैं? आज पूरा हरियाणा अंधेरे में डूबा है, हजारों कर्मचारी सड़कों पर आंदोलित हैं और बिजली उपभोक्ताओं पर भारी आर्थिक बोझ पड़ने वाला है। इसके जिम्मेदार मुख्यमंत्री नायब सैनी और उनकी सरकार है।
उन्होंने मुख्यमंत्री नायब सैनी से मांग करते हुए कहा कि वे तुरंत सेक्शन 108 के तहत आदेश जारी कर HERC के निजी कंपनी को गुरुग्राम और नूंह-मेवात का पावर डिस्ट्रिब्यूशन देने के आदेश को खारिज करें। साथ ही बिजली कंपनियों की यूनियन को बुलाकर बिना टेंडर दिए गए ठेके को रद्द करें।
सुरजेवाला ने भाजपा सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर आपमें जरा भी ग़ैरत और हरियाणा के लोगों-कर्मचारियों के प्रति दर्द बचा है तो आज ही यह आदेश जारी कर दीजिए। नहीं तो साबित हो जाएगा कि मलाई के इस धंधे में ऊपर से नीचे तक सब शामिल हैं।








