फरीदाबाद प्रकरण में पराग शर्मा का जवाब मिला, गजना लांबा के जवाब का इंतजार
चंडीगढ़। हरियाणा प्रदेश कांग्रेस कमेटी की अनुशासन समिति ने स्पष्ट किया है कि पार्टी के आंतरिक मामलों और मतभेदों को अधिकृत संगठनात्मक मंच पर ही उठाया जाना चाहिए। अनुशासन की मर्यादाओं का उल्लंघन कर इन विषयों को सार्वजनिक मंचों पर ले जाने वालों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
प्रदेश कांग्रेस कार्यालय, चंडीगढ़ में पूर्व सांसद एवं समिति के सदस्य धर्मपाल सिंह मलिक की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में विभिन्न अनुशासनात्मक मामलों, आपसी मतभेदों और संगठनात्मक मर्यादाओं पर विस्तार से विचार-विमर्श किया गया।
समय-सीमा के बाद होगा निर्णय
बैठक में फरीदाबाद की घटना से संबंधित मामले पर चर्चा हुई। समिति के अनुसार, बल्लभगढ़ की पराग शर्मा का जवाब प्राप्त हो चुका है, जबकि गजना लांबा का जवाब अभी नहीं मिला है। निर्धारित समय-सीमा समाप्त होने के बाद उपलब्ध जवाब और स्थिति की समीक्षा कर उचित निर्णय लिया जाएगा।
प्रदेश में हाल ही में सामने आई अन्य घटनाओं तथा पार्टी के भीतर आपसी मतभेदों पर भी चर्चा की गई। समिति ने पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं से संगठनात्मक अनुशासन बनाए रखने तथा अपनी बात पार्टी के अधिकृत मंच पर रखने को कहा।
प्रोटोकॉल के पालन को जिलाध्यक्षों को भेजेंगे पत्र
बैठक में अनुशासन समिति के सदस्यों और प्रदेश पदाधिकारियों के प्रोटोकॉल एवं सम्मान से जुड़े विषय पर भी विचार किया गया। सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित किया गया कि सभी जिला कांग्रेस अध्यक्षों को पत्र जारी कर निर्धारित प्रोटोकॉल का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए जाएं।
समिति ने संगठनात्मक गरिमा, आपसी सम्मान और निर्धारित प्रक्रियाओं के पालन को पार्टी की मजबूती के लिए आवश्यक बताया।
बैठक में समिति के सदस्य सचिव रोहित जैन, पूर्व विधायक एवं सदस्य अनिल धंतौड़ी तथा पूर्व सांसद एवं सदस्य कैलाशो सैनी उपस्थित रहे।








